पासवान की बरसी पर पीएम मोदी की चिठ्ठी से भावुक हुए चिराग तो सीएम नीतीश के सन्देश से नाराज

बिहार के दिग्गज नेता रहे रामविलास पासवान की पहली बरसी पर जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा श्रद्धांजलि स्वरूप भेजे दो पन्नों के शोक संदेश ने चिराग को इमोशनल कर दिया, वहीं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा भेजे गए डेढ़ लाइन के सन्देश ने चिराग को कर दिया नाराज

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पासवान की बरसी पर रुला गए पीएम तो चौंका गए सीएम
पासवान की बरसी पर रुला गए पीएम तो चौंका गए सीएम
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Politalks.News/BiharPolitics. बिहार की राजधानी पटना में आज दिवंगत राजनेता, पूर्व केंद्रीय मंत्री और एलजेपी के संस्थापक रामविलास पासवान की बरसी पर एक बड़े कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस दौरान आयोजित श्रद्धांजलि सभा में चिराग पासवान के चाचा पशुपति पारस व अन्य परिजनों के आवास बिहार समेत देश के अलग-अलग हिस्सों से भी कई बड़े राजनेता शिरकत करने पहुंचे. बिहार के दिग्गज नेता रहे रामविलास पासवान की पहली बरसी पर जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा श्रद्धांजलि स्वरूप भेजे दो पन्नों के शोक संदेश ने चिराग को इमोशनल कर दिया, वहीं बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा भेजे गए डेढ़ लाइन के सन्देश ने चिराग पासवान को निराश और नाराज भी कर दिया.

दरअसल, बिहार की राजधानी पटना में आयोजित हुए इस कार्यक्रम से सीएम नीतीश कुमार ने न केवल खुद को अलग रखा बल्कि रामविलास पासवान के लिए मात्र डेढ़ लाइन की शोक संदेश वाली चिठ्ठी जारी की, इसे लेकर चिराग पासवान ने भी उन पर निशाना साधा है. मीडिया द्वारा इस श्रद्धांजलि सभा में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नही आने पर चिराग ने कहा कि, ‘हमें उम्मीद थी कि वो आयेंगे मगर नहीं आये और सिर्फ डेढ़ लाइन का शोक संवेदना जाहिर की है, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मेरे पिता को अपना मित्र बताते हुए दो पन्ने में चिट्ठी लिखकर श्रद्धांजलि दी है.’ इस दौरान चिराग पासवान ने अपनी उस मांग को एक बार फिर से दुहराते हुए केंद्र सरकार से अपने पिता रामविलास पासवान को भारत रत्न देने की मांग भी की.

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आपको बता दें, हालांकि पीएम मोदी भी रविवार को पटना में हुए इस कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए, लेकिन उन्होंने बरसी पर रामविलास पासवान को श्रद्धांजलि देते हुए एक पत्र लिखा. इस पत्र में पीएम मोदी ने रामविलास पासवान को देश का महान सपूत, बिहार का गौरव और सामाजिक न्याय की बुलंद आवाज बताया है. पीएम ने लिखा है कि, ‘आज का दिन उनके लिए काफी भावुक है और इस दिन को वह न केवल अपने आत्मीय मित्र के रूप में याद कर रहे हैं बल्कि भारतीय राजनीति में उनके जाने से जो शून्य उत्पन्न हुआ है उसे भी अनुभव कर रहे हैं.’ रामविलास पासवान के साथ अपने लंबे राजनीतिक जीवन को भी पीएम नरेंद्र मोदी ने इस चिट्ठी में याद करते हुए शामिल किया है. साथ ही एनडीए सरकार के 6 वर्षों के कार्यकाल के दौरान भी रामविलास पासवान द्वारा किए गए कार्यों का उल्लेख भी किया है.

पीएम मोदी की चिट्ठी पढ़ चिराग हुए भावुक
पीएम नरेंद्र मोदी की इस चिट्ठी को पढ़कर चिराग पासवान काफी भावुक हो गए. चिराग ने पीएम की स्थिति को ट्वीट करते हुए लिखा है कि पिताजी की बरसी के दिन आदरणीय प्रधानमंत्री जी का संदेश प्राप्त हुआ है. चिराग ने लिखा है कि पीएम ने पिताजी के पूरे जीवन के सारांश को अपने शब्दों में पिरोकर और समाज के लिए किए गए कार्यों को लेकर सम्मान दिया है और उनके प्रति अपना स्नेह प्रदर्शित किया है. चिराग ने इस चिट्ठी को अपने और अपने परिवार के लिए दुख की इस घड़ी में शक्ति प्रदान करने वाला बताया है.

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इसके आलावा आमंत्रित सभी लोगों का अभिवादन करते हुए चिराग ने कहा कि आज जिस तरह की भीड़ उनके पिता की पहली बरसी में आई है वो यह बताती है कि आज भी रामविलास पासवान की लोकप्रियता लोगों के बीच है. चिराग ने कहा कि जो भी लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने आए है मैं उन सभी का धन्यवाद देता हूं. आपको बता दें, रामविलास पासवान के इस बरसी कार्यक्रम में बिहार के राज्यपाल फागू चौहान, राजद नेता अब्दुल बारी सिद्धक्की, श्याम रजक समेत कई राजनेता पहुंचे और रामविलास पासवान के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी.

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