विक्रमजीत सिंह साहनी की जीवनी (Vikramjit Singh Sahney Biography in Hindi)
Vikramjit Singh Sahney Latest News - विक्रमजीत सिंह साहनी पंजाब के बड़े उद्यमी, शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता हैं. वे विश्व पंजाबी संगठन (डब्ल्यूपीओ) के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष है, जो विश्व के 22 देशो में सक्रिय है. वे भारत सरकार के वाणिज्य मंत्रालय के तहत इंडिया ब्रांड इक्विटी फाउंडेशन के पूर्व ट्रस्टी, भारत सरकार के बोर्ड ऑफ ट्रेड सहित भारत-यूएई संयुक्त कार्य बल के सदस्य भी रह चुके है. साहनी अपने गैर सरकारी संगठन सन फाउंडेशन के माध्यम से शिक्षा सहित सामाजिक कल्याण में अग्रणी भूमिका निभा रहे है. उन्हें वर्ष 2008 में पद्म श्री से सम्मानित किया जा चुका हैं. 2022 में आम आदमी पार्टी से राज्यसभा के लिए चुने जाने वाले के बाद हाल ही में साहनी ने पार्टी छोड़ दी है. वे राज्यसभा के उन सात सदस्यों में शामिल है, जिन्होंने 24 अप्रैल को आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा की सदस्यता ग्रहण कर ली थी. इस लेख में हम आपको विक्रमजीत सिंह साहनी के जीवन परिचय (Vikramjit Singh Sahney Biography in Hindi) के बारें में जानकारी देने वाले है.
विक्रमजीत सिंह साहनी जन्म और परिवार (Vikramjit Singh Sahney Birth & Family)
विक्रमजीत सिंह साहनी (Vikramjit Singh Sahney) का जन्म 20 फरवरी 1962 को पंजाब के फरीदकोट जिले के कोटकपूरा में हुआ था.
उनके पिता का नाम स्वर्गीय श्री गुरचरण सिंह साहनी और माता का नाम स्वर्गीय श्रीमती मोहिंदर कौर है. उनकी शादी 25 जनवरी 1987 को श्रीमती डेज़ी परमजीत कौर से हुई. उनके एक बेटे और एक बेटी है. चुनाव में दिए गए एफिडेविट के अनुसार उनकी पत्नी 'सन इंटरनेशनल लिमिटेड के पूर्णकालिक निदेशक' है.
स्थायी पता : मकान नंबर 140, ब्लॉक ए, सेक्टर 5, ईको सिटी 1, न्यू चंडीगढ़, VIII-मुल्लनपुर गुरिबदास, एसएएस नगर, पंजाब- 140901
वर्तमान पता : 47, शिवाजी मार्ग, रंगपुरी, नई दिल्ली- 110037 दूरभाष- 9810061111
विक्रमजीत सिंह साहनी शिक्षा (Vikramjit Singh Sahney Education)
विक्रमजीत सिंह साहनी के पास एक साथ कई डिग्रियां है. उनके पास अमेरिका के हार्वर्ड कैनेडी स्कूल से लोक नेतृत्व प्रमाण पत्र, अर्थशास्त्र में एमए, पटियाला स्थित पंजाबी विश्वविद्यालय से डॉक्टरेट (मानद उपाधि), पंजाब विश्वविद्यालय से अर्थशास्त्र और व्यवसाय प्रशासन में स्नातकोत्तर डिग्री हैं.
विक्रमजीत सिंह साहनी का शुरुआती जीवन (Vikramjit Singh Sahney Early Life)
विक्रमजीत सिंह साहनी पेशे से पंजाब के एक बड़े उद्यमी, शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता हैं. इसके अलावे वे विश्व पंजाबी संगठन (डब्ल्यूपीओ) के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, जिसका उद्देश्य सामाजिक, आर्थिक व सांस्कृतिक बंधन को बढ़ावा देना है, जबकि यह 22 देशों में कार्यरत है. लेकिन इन सब से बिलकुल हटकर साहनी एक सूफी गायक भी हैं जिनके नाम पर मार्किट में कई एल्बम मौजूद है.
विक्रमजीत सिंह साहनी सन फाउंडेशन नाम से एक गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) भी संचालित करते है. इस एनजीओ का काम भारतीय / वैश्विक आवश्यकताओं के अनुरूप छात्रों को विश्व स्तरीय प्रशिक्षण देना है. यह एनजीओ यह भी दावा करता है कि यहां के बच्चे को सौ प्रतिशत रोजगार दिलवाने की कोशिश की जाती है. उनके देखरेख वाले इस एनजीओ के और भी कई काम है, जिनमें मुख्य रूप से वंचित महिलाओं और लड़कियों को निःशुल्क व्यावसायिक और कौशल विकास प्रशिक्षण देना, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान को मजबूती देना, जनहित संदेशों के माध्यम से लैंगिक भेदभाव और कन्या भ्रूण हत्या के बढ़ते खतरे के प्रति जन-मानस को जागरूक करना आदि.
बताया जाता है कोविड महामारी के समय में इनके योगदान सराहनीय रहे है. साहनी ने वैसे आपातकाल में पंजाब के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए 2000 ऑक्सीजन सिलेंडर का दान किया. इसके अलावे दिल्ली, पंजाब सहित विभिन्न गुरुद्वारों, स्वर्ण मंदिर और विभिन्न रेड क्रॉस सोसाइटियों को 1000 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर निःशुल्क दान दिया.
विक्रमजीत सिंह साहनी राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (एनएसडीसी) के बोर्ड में रह चुके हैं. वे भारत सरकार के वाणिज्य मंत्रालय के तहत इंडिया ब्रांड इक्विटी फाउंडेशन के पूर्व ट्रस्टी, भारत सरकार के बोर्ड ऑफ ट्रेड के सदस्य, भारत-यूएई संयुक्त कार्य बल के सदस्य, मुंतजात (कतर सरकार) भारत के बोर्ड सदस्य, एफआईसीसी और एसोकेम के बोर्ड सदस्य, इंडिया अफ्रीका बिजनेस फोरम के अध्यक्ष, इंडिया-अरब काउंसिल के अध्यक्ष और महाराजा रणजीत सिंह ट्रस्ट के महासचिव रह चुके हैं.
कुल मिलाकर विक्रमजीत सिंह साहनी के कई ऐसे कार्य है, जिन्हे देखकर आसानी से अनुमान लगाया जा सकता है कि वे न केवल एक बहुत बड़े उद्यमी है, बल्कि वे देश की जनता के सहयोग के लिए सरकार के साथ खड़े रहे है. उनके काम को देखकर उन्हें पुरुस्कार भी मिल चुके है. उन्हें भारत की राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल द्वारा 2008 में पद्म श्री और मॉरीशस के राष्ट्रपति अनेरूद जगन्नाथ द्वारा नई दिल्ली में अंतर्राष्ट्रीय शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया हैं.
विक्रमजीत सिंह साहनी राजनीतिक करियर (Vikramjit Singh Sahney Political Career)
विक्रमजीत सिंह साहनी की राजनीतिक यात्रा 2022 में आदमी पार्टी के साथ शुरू हुई. पार्टी ने उन्हें इसी वर्ष पंजाब में हुए राज्यसभा चुनाव में अपना उम्मीदवार घोषित किया. इस चुनाव में वे निर्विरोध चुने गए. जुलाई 2022 को उन्होंने उच्च सदन राज्यसभा में संसद पद की शपथ ली. उनका यह कार्यकाल 2022-28 है.
देश की उच्च सदन, राज्यसभा के लिए चुने के बाद से वे, तब से लेकर अब तक कई समितियों के सदस्य बनाये जा चुके है. अगस्त 2022 से जून 2024 और फिर अक्टूबर 2024 से आगे के लिए वित्त मंत्रालय की सलाहकार समिति, सितंबर 2022 से जून 2024 और फिर सितंबर 2024 से आगे वाणिज्य समिति व विदेश मंत्रालय की सलाहकार समिति, दिसंबर 2022 से मार्च 2023 तक बहुराज्यीय सहकारी समितियों (संशोधन) तथा फरवरी 2026 से वे भारत-स्विट्जरलैंड संसदीय मैत्री समूह के सदस्य रह चुके है. इसके अलावे वे फरवरी 2025 से राज्यसभा के उपाध्यक्षों के पैनल में मनोनीत हुए है. लेकिन 24 अप्रैल 2026 को, विक्रमजीत सिंह साहनी अपने अन्य सहयोगियों, डॉ. संदीप पाठक, राघव चड्ढा और स्वाति मालीवाल सहित 3 अन्य राज्यसभा सांसद के साथ भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए.
विक्रमजीत सिंह साहनी संपत्ति (Vikramjit Singh Sahney Property)
2022 में राज्यसभा चुनाव में दाखिल किये गए घोषणापत्र के अनुसार विक्रमजीत सिंह साहनी की कुल संपत्ति 498.45 करोड़ रूपये हैं, जबकि उनपर 1.75 करोड़ रूपये का कर्ज हैं.
इस लेख में हमने आपको विक्रमजीत सिंह साहनी जीवनी (Vikramjit Singh Sahney Biography in Hindi) के बारे में जानकारी दी है. अगर आपका कोई सुझाव है तो हमें कमेंट करके जरूर बताएं.













