बेनीवाल ने की महाघूसकांड की CBI जांच और अधिकारियों के नार्को टेस्ट की मांग, बीजेपी पर लगाया मामले को दबाने का आरोप

नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल

पॉलिटॉक्स न्यूज़. राजस्थान में एसीबी द्वारा परिवहन विभाग के ‘महाघूसकांड’ के बाद से नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल लगातार राज्य सरकार और परिवहन विभाग पर हमलावर हैं. इसी कड़ी में बुधवार को सूरतगढ में पत्रकारों से रूबरू होते हुए हनुमान बेनीवाल ने गहलोत सरकार पर गम्भीर आरोप लगाते हुए इस घूसकांड प्रकरण की सीबीआई जांच की मांग की है और इसके साथ ही इस कार्रवाई में पकडे गए दलाल जसवंत यादव के नार्को टेस्ट करवाने की भी मांग की. वहीं बेनीवाल ने कहा कि इस मामले गुरूवार को विधानसभा में मुख्यमंत्री गहलोत के बजट पेश करते समय आरएलपी पार्टी के तीनों विधायक तीव्र विरोध करेंगे. इसके साथ ही बेनीवाल ने बीजेपी पर भी आरोप लगाया कि इस घूसकांड को दबाने के लिए बीजेपी बैकफुट पर आ गई है.

एक विशेष स्टिकर से होती है बसों की पहचान

सूरतगढ़ में बोले हनुमान बेनीवाल कि परिवहन विभाग में भ्रष्टाचार कोई बडी बात नहीं है. यह विभाग हमेशा से ही सबसे बदनाम विभाग रहा है. अवैध वसूली, ओवरलोड और गोल्डन टोकन के नाम पर जो भी परिवहन मंत्री बनता है, वह अपने 10-15 गुर्गों को छोडकर प्रदेश में जमकर अवैध वसूली करता है. एक विशेष पहचान के स्टीकर के माध्यम से यह तय किया जाता है कि किससे वसूली करनी है, किससे नहीं. इस प्रकार से मोटी मासिक बंधी का धंधा परिवहन विभाग में चलता है.

बीजेपी पर लगाया मामले को दबाने का आरोप

वहीं गत लोकसभा और विधानसभा उपचुनाव में रालोपा की सहयोगी रही बीजेपी पर निशाना साधते हुए बेनीवाल ने कहा कि, ‘इस मामले में सबसे बड़े आश्चर्य की बात यह है कि भारतीय जनता पार्टी बेकफुट पर आ गई है. ऐसा लग रहा है कि राजस्थान के बीजेपी नेताओं ने यह तय कर लिया है कि परिवहन विभाग के घोटाले को दबाना है. अभी विधानसभा चल रही है बीजेपी नेताओं को इस मामले में आक्रामक तेवर से कांग्रेस पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाने चाहिए जो कि वो नहीं कर रहे हैं.’ बेनीवाल ने कहा- प्रदेश में अरबों रूपये का भ्रष्टाचार हो रहा है. प्रदेश का हर व्यक्ति गहलोत सरकार से पीडित है. इस पीडा को दूर बीजेपी को करना चाहिए क्योंकि विपक्ष की भूमिका निभा रही है. लेकिन इस मामले में मैं दो दिन से देख रहा हूं बीजेपी के किसी भी बडे नेता ने विधानसभा में इस मुददे को नहीं उठाया कि इतने बडे घोटाले के आरोपी कौन है, कौन इनकों संरक्षण दे रहा है, इसका खुलासा होना चाहिए.’

यह भी पढ़ें: राहुल गांधी के नजदीकी नेताओं में लगी राज्यसभा जाने की होड़, राजस्थान से सामने आ रहा रणदीप सुरजेवाला का नाम

सीबीआई जांच और अधिकारियों के नार्को टेस्ट की मांग

पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच की मांग करते हुए नागौर सांसद बेनीवाल ने कहा कि इसमें मामले में मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट तीनों में से किसके पास पैसा जा रहा है इसकी सीबीआई जांच होनी चाहिए. बेनीवाल ने कहा कि एसीबी राज्य सरकार के अधीन आती है, इस मामले में अगर मंत्री का नाम आयेगा तो एसीबी कोई कार्रवाई नहीं कर पायेगी. इसलिए इस पूरे प्रकरण को सीबीआई के पास भेजा जाए और सभी अधिकारियों का नारको टेस्ट करवाया जाए. बेनीवाल ने मुख्यमंत्री गहलोत से मांग करते हुए कहा आप इस पूरे मामले की इमानदारी से जांच करवाओ और सीबीआई को इस केस को रेफर करो, अपने आप पता चल जायेगा कि आपकी सरकार के मंत्री कितने ईमानदार हैं. प्रदेश में इससे बडा घोटाल नहीं हो सकता है. इस मामले में आवश्यकता पडने पर रालोपा जयपुर में बडा प्रदर्शन करेगी.

मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और मंत्री की सह

वहीं हनुमान बेनीवाल ने खाचरियावास पर आरोप लगाते हुए कहा कि मंत्री, मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री के राज में प्रदेश में भ्रष्टाचार की जड़ें बहुत गहरी हो गई हैं. परिवहन विभाग के इस मामले की पूरी परतें खुलेंगी तो इसमें मंत्रीजी भी लपेटे में आ जायेंगे और मंत्री को बचाने वाले भी. वहीं परिवहन विभाग के इस मामले में मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास की भूमिका है, मंत्री की सह के बिना इतना बडा भ्रष्टाचार नहीं हो सकता.

सांसद बेनीवाल ने बताया कि परिवहन विभाग के घोटाले में जिस जसवंत यादव को एसीबी ने पकडा है, वह परिवहन मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास का बहुत नजदीकी व्यक्ति है. ये दोनों लंबे समय से अक्सर साथ ही रहते है. इस मामले में एसीबी ने एक दर्जन से ज्यादा अधिकारियों पर कार्रवाई की है. इस मामले को मैंने कल भी उठाया था और रालोपा के तीनों विधायक इस मामले को गुरूवार को विधानसभा में उठायेंगे. इसके साथ ही बेनीवाल ने आरोप लगाया कि परिवहन विभाग से अवैध वसूली का पैसा उपर तक जाता है.

यह भी पढ़ें: सीएम गहलोत से मुलाकात के बाद बोले खाचरियावास- मेरी मां ने सोच कर मेरा नाम प्रताप रखा है, मुझे लड़ना भी आता है और मरना भी

सरकार के 70 प्रतिशत से ज्यादा मंत्री चोर हैं

प्रदेश सरकार पर आरोप लगाते हुए हनुमान बेनीवाल ने कहा कि इस सरकार के 70 प्रतिशत से ज्यादा मंत्री चोर है. साथ ही कहा कि अभी सरकार ने गुटके पर पर बैन लगाया और मोटी रकम लेके प्रतिबंध तोड दिया. गहलोत सरकार हर दो दिन में नया आदेश लाती है और पैसा पहुंचते ही उस आदेश को वापिस ले लेती है. यह सरकार अखंड भ्रष्टाचार में डूबी हुई सरकार है. परिवहन विभाग के इस घोटाले में परिवहन मंत्री की लिप्तता इसमें दिखाई दे रही है. इसमें मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री तक भी पैसा जाता होगा, इसीलिए वो अपनी जुबान इस मामले में नहीं खोल रहें है.

विधानसभा में मुख्यमंत्री के बजट भाषण के समय करेंगे विरोध

वहीं बेनीवाल ने बताया कि इस मामले को लेकर गुरूवार को सीएम के बजट पेश करते समय आरएलपी पार्टी के तीनों विधायक इस घोटाले का विरोध कर प्रर्दशन करेंगे. वहीं प्रदेश के युवाओं अपील करते हुए बेनीवाल ने कहा कि भ्रष्टाचार मुक्त राजस्थान हमें चाहिए. हमें ऐसे नेता नहीं चाहिए कि वसुंधरा के भ्रष्टाचार पर गहलोत ने पर्दा डाल दिया और गहलोत के भ्रष्टाचार पर वसुंधरा ने. इसी के चलते वसुंधरा का बंगला खाली नहीं हुआ है. यह मिला जुली का खेल है और इस मिला जुली के खेल को रालोपा व राजस्थान का युवा खत्म करेगा और राजस्थान को बचायेगा.