राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश लगातार उन्नति की ओर अग्रसर है. केंद्र की मोदी सरकार प्रदेश को एक के बाद एक लगातार नई सौगाते दे रही है. इसी के चलते आज देश की पहली ग्रीनफील्ड रिफाइनरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज बालोतरा जिले के पचपदरा में राष्ट्र को समर्पित किया. बालोतरा के पचपदरा में करीब 79,459 करोड़ रुपए की लागत से तैयार यह परियोजना केवल राजस्थान की पहली रिफाइनरी नहीं है, बल्कि देश की पहली ग्रीनफील्ड रिफाइनरी-सह-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स भी है. इसी के साथ पीएम मोदी ने आज प्रदेश को कई बडी सौगातें भी दी. इस दौरान आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि लगातार तीसरी बार देश की जनता का विश्वास प्राप्त कर सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में नया इतिहास रचने वाले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश पिछले 12 वर्षों से विकास, सुशासन और जनकल्याण के नए प्रतिमान स्थापित कर रहा है. प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में डबल इंजन सरकार राजस्थान के प्रत्येक नागरिक तक जनहितकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए संकल्प एवं समर्पण के साथ कार्य कर रही है.
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि लगभग 80 हजार करोड़ रुपये की लागत से निर्मित रिफाइनरी राजस्थान की भाग्यरेखा के साथ-साथ पूरे देश के औद्योगिक एवं आर्थिक विकास का नया आधार बनेगी. यह परियोजना प्रदेश के समग्र विकास का ग्रोथ इंजन सिद्ध होगी और पश्चिमी राजस्थान को पेट्रोकेमिकल उद्योगों का प्रमुख हब बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी. इसके माध्यम से नए उद्योगों के निवेश को गति मिलेगी, स्थानीय अर्थव्यवस्था सशक्त होगी, क्षेत्र में समृद्धि और खुशहाली आएगी तथा लाखों युवाओं के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के व्यापक अवसर सृजित होंगे. 13 हजार करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली जयपुर मेट्रो फेज-2 परियोजना राजधानी की यातायात व्यवस्था को आधुनिक और सुगम बनाएगी. इससे ट्रैफिक जाम की समस्या का समधान होगा, सार्वजनिक परिवहन को मजबूती मिलेगी तथा जयपुर के शहरी विकास को नई दिशा प्राप्त होगी.
सीएम भजनलाल शर्मा ने आगे कहा कि डबल इंजन सरकार ने ढाई वर्ष के कार्यकाल में युवाओं के लिए रोजगार सृजन के क्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धि हासिल की है. इस अवधि में 1 लाख 78 हजार सरकारी नौकरियां प्रदान की गई हैं. राजस्थान के इतिहास में इतने कम समय में इतनी बड़ी संख्या में सरकारी नौकरियां उपलब्ध कराना एक नया रिकॉर्ड है. इसके साथ ही निजी क्षेत्र में भी सरकार के प्रयासों से 4 लाख से अधिक युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ यमुना जल समझौता राजस्थान के जल इतिहास का स्वर्णिम अध्याय है. इस ऐतिहासिक समझौते से शेखावाटी अंचल सहित जल संकट से जूझ रहे क्षेत्रों के लगभग 75 लाख लोगों को दीर्घकालिक पेयजल राहत मिलेगी. यह केवल एक जल परियोजना नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य, क्षेत्रीय विकास और समृद्ध राजस्थान की मजबूत नींव है.
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि केन्द्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि यह रिफाइनरी राजस्थान के लिए एक साधारण प्रोजेक्ट नहीं है. इससे इस क्षेत्र में नए रोजगार के अवसर उत्पन्न होंगे, जनसाधारण के जीवन में समृद्धि आएगी और आर्थिक एवं वाणिज्यिक क्षेत्रों में भारत की आत्मनिर्भरता बढ़ेगी. इस रिफाइनरी का नेल्सन कॉम्प्लेक्सिटी इंडेक्स 17 है, यानी टेक्नोलॉजी की दृष्टि से यह विश्व भर में टॉप 25 प्रतिशत रिफाइनरीज में शामिल है. पूरी दुनिया में पिछले 10 वर्षों में बहुत कम ग्रीनफील्ड रिफाइनरीज बनी हैं, जबकि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वर्ष 2016 में आईओसीएल की परादीप रिफाइनरी और अब पचपदरा में एचआरआरएल रिफाइनरी राष्ट्र को समर्पित की है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की सराहना करते हुए कहा कि राजस्थान रिफाइनरी परियोजना को पूरा करने में उनका सक्रिय योगदान रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज प्रदेश की एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी, जयपुर मेट्रो फेज-2, पावरग्रिड बाड़मेर-प्रथम ट्रांसमिशन लिमिटेड, पावरग्रिड ब्यावर-दौसा ट्रांसमिशन लिमिटेड, 1000 मेगावाट बीकानेर सौर विद्युत परियोजना, 300 मेगावाट करणीसर सोलर पावर प्लांट बीकानेर, 4-लेन जोधपुर रिंग रोड सेक्शन-।।, चूरू-सादुलपुर रेल मार्ग, चूरू-रतनगढ़ रेल मार्ग परियोजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास किया.












