राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला पर लगाया बेहद गंभीर आरोप,
अशोक गहलोत ने दावा किया है कि कोटा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के स्वागत की बजाय वहां ऐसा माहौल बनाया जा रहा है जैसे स्पीकर खुद इस कार्यक्रम के खिलाफ हों और लोगों को इसमें शामिल न होने का संदेश दिया जा रहा है, इसके साथ ही अशोक गहलोत ने कहा- स्पीकर साहब के एरिया में राहुल गांधी जी आ रहे हैं, उन्हें उनका वेलकम करना चाहिए, क्योंकि जिस हाउस के वे स्पीकर हैं उसी हाउस के नेता प्रतिपक्ष खुद वहाँ आ रहे हैं, स्वागत करने की बात तो दूर, वहाँ ऐसा संदेश दे दिया गया है जैसे ओम बिरला जी इसके खिलाफ हैं और कोई भी वहाँ न जाए, इस पर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए कि आखिर यह नौबत क्यों आई? यह सब किसके इशारे पर हुआ? देश में राहुल गांधी जी के इस अभियान की शुरुआत राजस्थान के कोटा से ही हो रही है, वे ट्रेन से आ रहे हैं और आप वहाँ के कोचिंग संस्थानों को धमकियाँ दे रहे हैं कि आपके इंस्टीट्यूशंस में कई कमियाँ हैं, नतीजे भुगतने के लिए तैयार रहो, अगर खुद स्पीकर के लोकसभा क्षेत्र में ऐसी स्थिति बनती है, तो पूरे मुल्क में क्या संदेश जाएगा? क्या यहाँ डेमोक्रेसी है? इस मामले पर कल मैंने 'एक्स' पर पोस्ट भी किया था, स्पीकर को यह शोभा नहीं देता कि आप ऐसी स्थिति पैदा करें जिससे लोगों के दिमाग में यह भय बैठ जाए कि पता नहीं हमारे संस्थानों का क्या होगा, यह अच्छी बात नहीं है











