नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल का बयान, आरएलपी सुप्रीमो और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने राजस्थान की भजनलाल सरकार पर RGHS योजना को लेकर उठाए गंभीर सवाल, सांसद हनुमान बेनीवाल ने सीएम भजनलाल से पूछा कि क्या आपको यह जानकारी है कि राजस्थान के बुजुर्ग पेंशनर्स इलाज के बाद भी अपने ही पैसे के लिए भटक रहे है, सरकार की RGHS योजना का उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध करवाना है, लेकिन आज स्थिति यह है कि गंभीर बीमारी में इलाज करवाने के बाद बुजुर्ग पेंशनर्स को मेडिकल खर्च के पुनर्भरण के लिए महीनों इंतजार करना पड़ रहा है, प्रदेश के विभिन्न जिलों से ऐसी शिकायतें सामने आ रही हैं कि दवा, जांच और अस्पताल के इलाज पर अपनी जीवनभर की जमा पूंजी खर्च करने के बाद भी भुगतान के लिए फाइलें अटकी हुई हैं, मुख्यमंत्री जी,यह सिर्फ भुगतान में देरी का मामला नहीं है, यह उन बुजुर्गों की पीड़ा है जिन्होंने पूरी जिंदगी सरकारी सेवा में बिताई और बुढ़ापे में अपने ही वैध हक के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं, सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि RGHS के तहत लंबित मेडिकल क्लेम कब तक चुकाए जाएंगे ? आखिर किस स्तर पर फाइलें अटक रही हैं और इसके लिए जिम्मेदार कौन है? सांसद बेनीवाल ने मांग करते हुए कहा- मैं राजस्थान सरकार से मांग करता हूं कि सभी लंबित मेडिकल पुनर्भरण दावों का समयबद्ध निस्तारण करवाया जाए और पेंशनर्स को ब्याज सहित उनका किया जाए बकाया भुगतान, किसी बुजुर्ग का इलाज के बाद अपने ही पैसे के लिए भटकना भाजपा सरकार की व्यवस्था की विफलता का प्रमाण है
पेंशनर्स के मेडिकल क्लेम पर बेनीवाल ने घेरा भजनलाल सरकार को, पूछा- फाइलें आखिर अटकी कहां हैं?











