जम्मू-कश्मीर में कांग्रेस ने भी किया बीडीसी चुनाव का बायकाट

BDC Election

जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) में हो रहे विकासखंड विकास परिषद (BDC Election) के चुनावों में भाग लेने से नेशनल कांफ्रेंस (एनसी) और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) के इनकार करने के बाद कांग्रेस ने भी इन चुनावों का बायकाट कर दिया है. जम्मू-कश्मीर प्रदेश कांग्रेस ने बुधवार को इसकी घोषणा करते हुए कहा कि कश्मीर घाटी में पार्टी के अधिकतर नेताओं के खिलाफ पाबंदियां लगी हैं या उन्हें नजरबंद कर दिया गया है. इसके खिलाफ कांग्रेस ने बीडीसी चुनावों का बहिष्कार करने का फैसला किया है. इससे पहले कांग्रेस ने इन चुनावों में भाग लेने की बात कही थी. जम्मू-कश्मीर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गुलाम अहमद मीर ने बीडीसी के चुनाव (BDC Election) … Read more

वीडियो खबर: सुरक्षा के बहाने गांधी परिवार की निगरानी करा रही मोदी सरकार!

इस आदेश के निकलने के बाद कांग्रेस ने विरोध जताना शुरू कर दिया है. कांग्रेस (Congress) का कहना है कि केंद्र सरकार अपने इस कदम से गांधी परिवार (Gandhi Family) पर निगरानी करने की साजिश कर रही है, वहीं केंद्र सरकार ने 24 घंटे सुरक्षा का अलाप गाया. अब सरकार सच में गांधी परिवार को सुरक्षा ही दे रही है या इन पर हर पल की निगरानी बढ़ा रही है, इसमें बड़ा झोल नजर आ रहा है.

वीडियो खबर: सचिन पायलट ने दिया सतीश पुनिया को करारा जवाब

Sachin Pilot

नरेन्द्र मोदी के कांग्रेस मुक्त भारत के नारे के बाद राजस्थान के नवनियुक्त प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतीश पुनिया ने अपने भाषण में कहा कि हम राजस्थान को कांग्रेस मुक्त प्रदेश बना देंगे. इस पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट (Sachin Pilot) ने गुरुवार को अपने आवास पर जनसुनवाई के दौरान पत्रकारों से बातचीत में कहा कि जनता के जनादेश के अपमान किसी को नहीं करना चाहिए. प्रदेश में पूर्ण बहुमत की सरकार बनी हुई है, ऐसे में पुनिया अपनी पार्टी में अपनी साख बनाने के लिए इस तह के बड़े-बोल बोल रहे हैं.

मॉब लिंचिंग के खिलाफ मोदी को पत्र लिखने वाले 49 दिग्गजों के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा फर्जी

Mob Lynching

देश में मॉब लिंचिंग (Mob Lynching) की बढ़ती घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Narendra Modi) को पत्र लिखने वाले 49 गणमान्य लोगों के खिलाफ बिहार में एक स्थानीय वकील सुधीर कुमार ओझा ने देशद्रोह का जो मुकदमा दर्ज करवा दिया था, पुलिस ने जांच के बाद उसे फर्जी बताया है. पुलिस अब फर्जी मुकदमा दर्ज कराने वाले वकील ओझा के खिलाफ कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है. ओझा ने मुजफ्फरपुर में इन गणमान्य लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी. मॉब लिंचिंग के खिलाफ पत्र लिखने वाले अपने क्षेत्र के जाने-माने दिग्गजों में फिल्मकार श्याम बेनेगल, मणि रत्नम, अनुराग कश्यप और इतिहासकार रामचंद्र गुहा शामिल … Read more

दिल्ली प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए पूर्व क्रिकेटर कीर्ति आजाद के नाम पर बनी सहमति

80 दिन पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित (Shila Dixit) के निधन के बाद से खाली पड़े दिल्ली कांग्रेस (Delhi Congress) प्रदेश अध्यक्ष पद का इंतजार शुक्रवार को ख़त्म हो जाएगा. सूत्रों के मुताबिक शुक्रवार को दिल्ली के नए अध्यक्ष की घोषणा हो जाएगी. प्रदेश अध्यक्ष पद की रेस में चल रहे 9 नामों में से पूर्व क्रिकेटर और दो बार लोकसभा सांसद रह चुके कीर्ति आजाद (Kirti Azad) को दिल्ली प्रदेश कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया जा सकता है. पार्टी आलाकमान सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) और प्रदेश प्रभारी पीसी चाको और एआइसीसी के महासचिव केसी वेणुगोपाल (KC Venugopal) के बीच चली लंबी चर्चा के बाद कीर्ति आजाद (Kirti Azad) ने नाम पर सहमति बन चुकी है.

पूर्व क्रिकेटर और पूर्व लोकसभा सांसद कीर्ति आजाद (Kirti Azad) के नाम पर सहमति बनने का कारण यह माना जा रहा है कि दिल्ली कांग्रेस में वर्तमान में गुटबाजी अपने चरम पर चल रही है, तमाम बड़े नेता अलग-अलग गुटों में बंटे हुए हैं. कमोबेश दिल्ली कांग्रेस की ऐसी ही स्थिति 1998 के उस दौर में थी जब इस तरह की गुटबाजी को संभालने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को बाहर से लाकर दिल्ली की कमान सौंप दी गई थी. आलाकमान का मानना है इस समय भी गुटबाजी को थामने का यही एक जरिया है. कीर्ति आजाद प्रदेश कांग्रेस में भले ही सक्रिय न हों, लेकिन दिल्ली के ही रहने वाले हैं और पूर्व में दिल्ली में राजनीति करते हुए यहां से विधायक भी रह चुके हैं.

खुर्शीद: राहुल के जाने से पार्टी का भविष्य अधर में, कांग्रेस का न नेता-न नीति-न नियत: बीजेपी

सूत्रों की मानें तो लंबी रस्साकशी के बाद कीर्ति आजाद (Kirti Azad) के नाम पर सहमति बन गई है और काग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने दो दिन पहले कीर्ति आज़ाद से फ़ोन पर बात भी की थी. कीर्ति आजाद ने इसी साल 18 फरवरी को ही कांग्रेस जॉइन की है. पार्टी को राहुल गांधी के विदेश से लौटने का इंतजार था और माना जा रहा है कि राहुल गांधी ने भी कीर्ति आजाद के नाम पर मुहर लगा दी है. पार्टी सूत्रों की मानें तो दिल्ली कांग्रेस में तीन कार्यकारी अध्यक्षों का फॉमूर्ला आगे भी जारी रह सकता है. हालांकि तीनों कार्यकारी अध्यक्षों को भी बदला जाएगा और इनकी जगह नए चेहरे लाए जाएंगे. नए कार्यकारी अध्यक्षों की घोषणा भी नए प्रदेश अध्यक्ष के साथ ही की जा सकती है.

जानकारों की मानें तो दिल्ली प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद की दौड़ में कुल 9 लोग चल रहे हैं जिनमें पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय माकन, जेपी अग्रवाल, अरविंदर सिंह लवली और सुभाष चोपड़ा के अलावा तीन कार्यकारी अध्यक्ष देवेन्द्र यादव, राजेश लिलोठिया और हारून यूसुफ़ के अलावा शीला दीक्षित के बेटे और वरिष्ठ नेता संदीप दीक्षित और पूर्व विधायक कीर्ति आज़ाद शामिल हैं. दिल्ली के अध्यक्ष को लेकर सोनिया गांधी ने अभी तक लगभग 50 नेताओं से चर्चा की है, जिसमें ज़िला अध्यक्ष से लेकर सभी बड़े नेता शामिल हैं. इसके अलावा प्रभारी पीसी चाको और सगंठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने भी दो दिन पहले नामों पर चर्चा की.

पार्टी सूत्रों के अनुसार 20 जुलाई को शीला दीक्षित के निधन के बाद से ही सोनिया गांधी और प्रभारी पीसी चाको के बीच नए अध्यक्ष के नाम पर कई बैठकें हो चुकी हैं. कई नामों पर विचार विमर्श भी किया गया, जिसमें कुछ नामों पर सोनिया असहमत थीं तो कुछ पर चाको ने सहमति नहीं दी थी. तमाम तरह की चर्चाओं के बाद सोनिया गांधी, पीसी चाको और एआइसीसी के महासचिव केसी वेणुगोपाल ने लम्बी मंत्रणा के बाद कीर्ति आजाद (Kirti Azad) के नाम पर मुहर लगा दी है.

वीडियो खबर: RCA में वैभव गहलोत जीते या फिर जीती सरकार?

लगभग एक महीने चले घमासान के बाद आखिर राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन (RCA) के चुनाव सम्पन्न हो गए. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के पुत्र वैभव गहलोत RCA के अध्यक्ष चुन लिए गए और अब वे BCCI में राजस्थान क्रिकेट का प्रतिनिधित्व करेंगे. लेकिन असल में RCA चुनाव में चले इस घमासान में आखिर कौन जीता? वैभव गहलोत (Vaibhav Gehlot) की जीत हुई या सरकार की? बेनीवाल ने सच में डूडी की मदद की या खुद का राजनीतिक फायदा उठाया? ये कुछ ऐसे सवाल है जो RCA चुनाव के बाद अब मुंह बाए खड़े हैं.

 

वीडियो खबर: हरेन्द्र मिर्धा कभी अपने साले से मिलने जेल गए क्या? – बेनीवाल

खींवसर उपचुनाव में अब राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है. बेनीवाल ने कहा कि कांग्रेस प्रत्याशी हरेन्द्र जी अपने 58 सेकंड या 1 से डेढ़ मिनिट के भाषण में बोल रहे हैं कि ये मेरा आखिरी चुनाव है, अब जब आखिरी ही चुनाव लड़ रहे हैं तो आप समझ सकते काम क्या करेंगे, आखिरी चुनाव लड़ने वाला जितने के बाद काम करता है क्या, आराम करता है और जब आराम ही करना है तो चुनाव लड़ने की जरूरत ही क्या है.

पूरी खबर के लिए देखें वीडियो

खुर्शीद: राहुल के जाने से पार्टी का भविष्य अधर में, कांग्रेस का न नेता-न नीति-न नियत: बीजेपी

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने अपनी ही पार्टी और पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा कि हमारे नेता राहुल गांधी के अध्‍यक्ष पद को छोड़कर चले जाने से पार्टी का भविष्‍य अधर में पड़ गया है. कांग्रेस की जो हालत है उसमें वह अपना भविष्‍य तय नहीं कर सकती है. चुनावी मौसम में पार्टी के वरिष्ठ नेता बागी हो रहे हैं. इसका असर पार्टी को विधानसभा चुनाव परिणामों में देखने को मिलेगा, सलमान खुर्शीद ने हार का अंदेशा जताया है. महाराष्ट्र और हरियाणा विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सलमान खुर्शीद का यह बयान पार्टी के लिए नुकसानदायी हो सकता … Read more

खींवसर उपचुनाव: मेरा मुकाबला हरेन्द्र मिर्धा से नहीं अशोक गहलोत से है- हनुमान बेनीवाल

राजस्थान (Rajasthan) में विधानसभा उपचुनाव (Assembly By-Poll Election) के मद्देनजर राजनीतिक बयानबाजी का दौर तेज हो गया है. राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के मुखिया हनुमान बेनीवाल (Hanuman Beniwal) ने कहा है कि खींवसर में मेरा मुकाबला हरेंद्र मिर्धा (Harendra Mirdha) से नहीं है बल्कि इस चुनाव में मेरा मुकाबला मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) से है, वहीं मंडावा में यह मुकाबला किसानों और गहलोत के बीच है. इसके साथ ही बेनीवाल ने कहा कि अशोक गहलोत इस उपचुनाव में पुलिस के दम पर मतदान करवाने की सोच रहे हैं तो मैं यह चेतावनी देना चाहता हूं कि ऐसी गलती मत करना, नहीं तो इसका खामियाजा पूरे राजस्थान में सरकार को भुगतना पडेगा.

बेनीवाल ने नागौर जिले में कानून की स्थिति पर बोलते हुए कहा कि जिले में कानून की स्थिति पूरी तरह से बिगडी हुई है जिसके लिए गहलोत सरकार जिम्मेदार है. साथ ही पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि चुनाव की आड में पुलिस खुले आम गुंडागर्दी कर रही है. पिछले तीन चार महिनों से अपराध का ग्राफ बढा है, इसके लिए यहां के जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक व एसडीएम जिम्मेदार हैं. बेनीवाल ने यह भी कहा कि खींवसर विधानसभा क्षेत्र के रालोपा के ऐसे कार्यकर्ताओं को हिस्ट्रीसीटर घोषित किया जा रहा है जिनके उपर एक भी मुकदमा दर्ज नहीं है. इस पर बेनीवाल ने मुख्यचुनाव आयुक्त को अपील करते हुए कहा कि नागौर जिले में जितने भी अपराधी हैं उन पर पुलिस चालान करे और उनको इस चुनाव के दौरान थानों में बंद करे.

यह भी पढ़े: – खींवसर विधानसभा उपचुनाव में बेनीवाल व मिर्धा परिवार की प्रतिष्ठा दांव पर

सांसद हनुमान बेनीवाल ने आगे कहा कि जिस तरह लोकसभा चुनाव में मुख्यमंत्री गहलोत के बेटे की विदाई हमने जोधपुर से की थी उसी तरह खींवसर व मंडावा उपचुनाव जीतकर अशोक गहलोत की विदाई भी राजस्थान से कर देंगे. वैभव गहलोत के आरसीए अध्यक्ष पद का चुनाव जीतने पर बेनिवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत सत्ता के दम पर अपने बेटे को आरसीए का अध्यक्ष तो बनवा सकते है लेकिन विधायक या सांसद नहीं बनवा सकते, इसके लिए जनता के बीच जाना पडता है जनता की सुननी पडती है.

खींवसर से कांग्रेस प्रत्याशी हरेंद्र मिर्धा के लिए बेनीवाल ने कहा कि जिले में पुलिस अधिक्षक, कलेक्टर व एसडीएम सभी इन दिनों हरेंद्र मिर्धा के कहने पर काम कर रहे हैं और उनके कहने पर रालोपा के कार्यकर्ताओं को परेशान किया जा रहा है, उन पर मुकदमें दर्ज किये जा रहे है. साथ ही बेनीवाल ने रालोपा से जुडे कार्यकताओं के क्षेत्र से दूर ट्रांसफर करने के भी सरकार पर आरोप लगाये.