PoliTalks News
बड़ी खबर

बंगाल की राजनीति में नया बल्लेबाज: कीर्ति आजाद ने संभाली कमान, पीएम-शाह पर लगाए सवाल

14 जून 2026
साझा करें:
बंगाल की राजनीति में नया बल्लेबाज: कीर्ति आजाद ने संभाली कमान, पीएम-शाह पर लगाए सवाल

बंगाल की सियासत में बढ़ती हलचल के बीच कीर्ति आजाद के बयान बने नई राजनीतिक चर्चा का केंद्र, केंद्रीय नेतृत्व पर तीखे हमले से राजनीति में गर्माहट

इस वक्त देश की सियासत पर एक ही चर्चा है - पश्चिम बंगाल की राजनीति और तृणमूल कांग्रेस पार्टी यानी TMC. टीएमसी में अंदरूनी कलह और 78 विधायक-सांसदों की बगावत के बाद राज्य की पूर्व सीएम ममता बनर्जी की पार्टी पूरी तरह से टूटती नजर आ रही है. 'दीदी' पर चुनावी भाषण को लेकर एक मामला भी दर्ज किया गया है, जिसके बाद ममता की परेशानियां काफी बढ़ गयी है. इसके प्रति-उत्तर में ममता और अभिषेक बनर्जी की जगह पूर्व क्रिकेटर एवं टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने मोर्चा संभाला है. पश्चिम बंगाल की सियासी पिच पर खुलकर खेलते हुए कीर्ति जुबानी बांउसर के जरिए करारे शॉट लगा रहे हैं.

 

कीर्ति ने ममता बनर्जी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने वाले मामले में सत्ताधारी बीजेपी और केंद्र की एनडीए सरकार को आड़े हाथ लिया. पार्टी सांसद ने कहा, 'टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी के खिलाफ मामला दर्ज होना कोई चौंकाने वाली या बड़ी खबर नहीं है. हम सभी को ऐसे मामलों का सामना करना पड़ सकता है, चाहे वो झूठे हों या सच्चे. लेकिन सवाल यह है कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) पश्चिम बंगाल आए थे, तो उन्होंने भी कई ऐसे भाषण दिए थे, जिन पर काफी आपत्ति और विरोध हो सकता था.'

 

उन्होंने कहा, 'अमित शाह ने कई बार 'उल्टा करके सीधा कर देना' और 'बंगाल पुलिस संभल जाओ' जैसी बातें कहीं. इन भाषणों पर भी कानूनी मामले दर्ज होने चाहिए क्योंकि इनसे जनता को डराया-धमकाया गया था. अगर ममता बनर्जी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करना सही है, तो उनके खिलाफ भी मुकदमें क्यों नहीं दर्ज होने चाहिए?'

 

अकेले टक्कर ले रहे कीर्ति

 

सांसद कीर्ति बीजेपी, एनडीए और बागी विधायक-सांसदों से अकेले टक्कर ले रहे हैं. आजाद टीएमसी के बागी नेताओं पर भी निशाना साध चुके हैं. उन्होंने बागियों को ‘गद्दार और ‘चूहे बताया, जो मुश्किल समय में पार्टी छोड़कर भाग रहे हैं. आजाद ने इस मामले में कहा, 'हम संकट के समय चूहे की तरह नहीं भागते. हम दीदी के साथ खड़े हैं.' सांसद ने बीजेपी पर ‘ऑपरेशन लोटस चलाकर टीएमसी तोड़ने का आरोप भी लगाया और बागियों को चुनौती दी कि नैतिकता है तो इस्तीफा देकर कमल के निशान चुनाव लड़कर दिखाएं.

 

खास बात ये है कि इस वक्त मुद्दों से घिरी ममता और आरोपों में घिरे अभिषेक बनर्जी फिलहाल चुप हैं लेकिन कीर्ति आजाद ने पूरा मोर्चा संभाला हुआ है. अब देखना ये है कि आरोप प्रत्यारोप के बीच टीएमसी का नया कदम क्या होगा.

संबंधित समाचार

महत्वपूर्ण खबरें

PoliTalks News - Authoritative News Portal