मोदी की प्रचंड लहर में भी जीत गए चार निर्दलीय उम्मीदवार

PoliTalks news
25 May 2019
देश में लोकसभा चुनाव के नतीजों में मोदी की प्रचंड लहर नजर आई. बीजेपी के लिए मोदी मैजिक फिर से काम कर गया और पार्टी अकेले अपने दम पर 300 सीटों का आंकड़ा पार करने में सफल रही. वहीं एनडीए भी मोदी के तुफान में 350 से अधिक सीटें जीतने में कामयाब रहा है. लेकिन मोदी की सुनामी के बीच देश के चार उम्मीदवार ऐसे भी हैं जो बिना टिकट के ही चुनाव जीतने में कामयाब रहे. नीचे उन उम्मीदवारें के बारे में बता रहे है जो निर्दलीय चुनाव जीते हैं... अमरावतीः महाराष्ट्र में एक बार फिर से मोदी का मैजिक देखने को मिला. बीजेपी-शिवसेना गठबंधन ने प्रदेश की 48 सीटों में से 41 पर जीत हासिल की. गठबंधन ने अपने 2014 के प्रदर्शन को दोबारा दोहराया. इसमें बीजेपी का प्रदर्शन तो और भी अव्वल रहा. उसने 24 में से 23 सीटों पर जीत हासिल की. लेकिन मोदी की इस लहर में भी अमरावती से निर्दलीय उम्मीदवार नवनीत रवि राना ने जीत हासिल की. उन्होंने शिवसेना के प्रत्याशी को 37000 वोटों से मात देकर जीत हासिल की है. मंड्याः कर्नाटक की मंड्या लोकसभा क्षेत्र से भी निर्दलीय प्रत्याशी सुमलता अंबरीश ने जीत हासिल की. उन्होंने कर्नाटक के मुख्यमंत्री कुमारस्वामी के पुत्र निखिल कुमारस्वामी को करीब सवा लाख वोटों से हराया. सुमलता की जीत इसलिए भी बड़ी है क्योंकि कर्नाटक लोकसभा चुनाव पूरी तरह से मोदी लहर पर सवार था. पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौडा जैसे दिग्गजों को यहां से हार का सामना करना पड़ा है. वहां सुमलता निर्दलीय चुनाव जीतकर सदन में आएगी, यह बड़ी बात है. कोकराझारः असम की कोकराझार लोकसभा क्षेत्र से निर्दलीय प्रत्याशी नबा कुमार ने जीत हासिल की. उन्होंने बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट प्रमिला रानी को लगभग 35 हजार मतों से मात दी. असम में यह इलाका पूर्णतया आदिवासी क्षेत्र है. प्रदेश में बीजेपी ने भारी जीत हासिल की है. दादर-नगर हवेलीः गुजरात और महाराष्ट्र के मध्य स्थित इस क्षेत्र से निर्दलीय प्रत्याशी देलकर मोहनभाई ने जीत हासिल की है. उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार नथुभाई गोमनभाई को लगभग 9000 वोटों से मात लेकर जीत हासिल की है.