‘इटालियन रंग पर न इतना गुमान कर….ये रंग 23 मई को उतर जाएगा’

PoliTalks news

लोकसभा चुनाव के चुनावी दंगल में आज के रण में पंजाब सरकार में मंत्री व कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू पूरे दिनभर छाये रहे. पीएम मोदी पर किया गया उनका बयान सबसे टॉप पर रहा. सिद्धू ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि पीएम मोदी एक ऐसी दुल्हन है जो रोटियां कम बेलती है और चूड़ियां ज्यादा खनकाती है ताकि लोगों को लगे कि वह बहुत ज्यादा काम कर रही है. सिद्धू के इस बयान के बाद राजनीति के कई नेताओं ने सिद्धू को निशाने पर लेते हुए जमकर उनकी खिचाई की. सिद्धू पर बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा का बयान भी काफी चर्चा में रहा. ‘इटालियन … Read more

प्रधानमंत्री कार्यालय से दिए गए थे सिखों को मारने के आदेश: फुल्का

PoliTalks news

देश में 17वीं लोकसभा के लिए चुनाव चल रहे हैं. ऐसे में नेताओं के बीच बयानबाजी की बारिश का दौर जारी है. इसी कड़ी में पूर्व आप नेता एचएस फुल्का का एक बयान आया है जिसने दिल्ली की सियासत में भूचाल ला दिया है. फुल्का ने अपने बयान में कहा कि 1984 में हुए सिख दंगों को प्रधानंमत्री कार्यालय के इशारों पर अंजाम दिया गया था. प्रधानमंत्री कार्यालय से ही सिखों को मारने के आदेश दिए गए थे. दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने इस बयान पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि मैं फुल्का के बयान से बहुत निराश हूं. राजीव गांधी ऐसा क्यों करेंगे? उनकी मां को … Read more

राहुल का मोदी पर पलटवार, कहा- राजीव गांधी पर बोलो पर अपना हिसाब भी दो

PoliTalks news

लोकसभा के चुनावी रण में कांग्रेस और बीजेपी दलों के प्रमुख एक दूसरे पर तलवारें खिंचने में कभी पिछे नहीं रहते. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी एक दूसरे की टांग खिंचने का एक मौका नहीं छोड़ना चाहते और इस बयानों का इस्तेमाल अपनी चुनावी सभाओं में बखूबी करना जानते हैं. हाल ही में हुए चुनावी सभाओं में पीएम मोदी ने राहुल गांधी के पिता और पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी पर जमकर प्रहार किया है. इस पर पलटवार करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष ने मोदी पर तंज कसा है कि चाहें जितना राजीव गांधी और मेरे बारे में बातें करो लेकिन युवाओं से जो वादे आपने किए हैं, उनके … Read more

राजस्थान: आलाकमान ने मांगे भितरघात करने वालों के नाम, होगी कार्रवाई

PoliTalks news

राजस्थान मेंं तमाम लोकसभा सीटों पर मतदान होने के बाद कांग्रेस आलाकमान ने भितरघात करने वालों के साथ मंत्रियों-विधायकों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट तलब की है. प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडेय से राहुल गांधी ने फीडबैक रिपोर्ट मांगी है. आलाकमान के निर्देशों पर पांडेय ने तमाम उम्मीदवारों से जल्द रिपोर्ट देने को कहा है. रिपोर्ट में खास बात यह है कि हाईकमान ने चुनाव में पार्टी के खिलाफ काम करने वाले नेताओं की लिस्ट भी मांगी है. पहले चरण की 13 सीटों केे उम्मीदवारों ने तो भितरघात करने वाले नाम भी पांडेय को बता दिए हैं.

इन प्रत्याशियों ने सौंपे नाम
सूत्रों के मुताबिक, जालौर-सिरोही से रतन देवासी नेे निर्दलीय विधायक संयम लोढ़ा की खुलकर खिलाफत करने की शिकायत आलाकमान से की है. बाड़मेर से उम्मीदवार मानवेंद्र सिंह ने मंत्री हरीश चौधरी पर गड़बड़ी करने का आरोप लगाया है. पाली से बद्री जाखड़ ने विधायक दिव्या मदेरणा पर मदद नहीं करनेे के आरोप जड़े हैं. वहीं, उदयपुर लोकसभा प्रत्याशी रघुवीर मीणा ने गिरिजा व्यास और स्पीकर सीपी जोशी की निष्क्रियता की शिकायत की है.

इसी प्रकार, चितौड़गढ़ उम्मीदवार गोपाल ईडवा ने विधायक आरएस विधुड़ी पर मदद नहीं करने की शिकायत की है. बांसवाड़ा से प्रत्याशी ताराचंद भगौरा ने विधायक महेंद्रजीत सिंह मालवीय पर पार्टी गतिविधियों में लिप्त होने के आरोप लगाए है. बताया जा रहा है कि भीलवाड़ा प्रत्याशी रामपाल शर्मा ने विधायक रामलाल जाट और धीरज गुर्जर पर सहयोग नहीं करने की शिकायत की है. इसी तरह की शिकायतें अजमेर और झालावाड़ के प्रत्याशियों ने भी की हैं.

दूसरे चरण में ये करेंगे शिकायत
पहले चरण की तरह दूसरे चरण की स्थिति भी कुछ ज्यादा अलग नहीं है. कई कांग्रेस उम्मीदवारों को पार्टी नेताओं ने सहयोग प्रदान नहीं किया. जल्द ही ये प्रत्याशी भी हाईकमान को अहयोग करने वाले नेताओं की रिपोर्ट सौंपेंगे. बीकानेर प्रत्याशी मदन मेघवाल अपनी लिस्ट में विधायक गोविंद चौहान, वीरेंद्र बेनीवाल और मंंगालाराम गोदारा का नाम शामिल कर सकते हैं. उम्मीदवार भरत मेघवाल श्रीगंगानगर में शंकर पन्नू और विनोद गोठवाल को लेकर आपत्ति दर्ज करा सकते है. झुंझुनूं से श्रवण कुमार विधायक बृजेन्द्र ओला और हाकिम खान, वहीं जयपुर शहर से उम्मीदवार ज्योति खंडेलवाल पार्टी विधायक अमीन कागजी, महेश जोशी और अर्चना शर्मा की शिकायत कर सकती हैं.

तीन स्तर पर मांगी रिपोर्ट
कांग्रेस हाईकमान ने तीन स्तर पर पार्टी नेताओं पर सीसीटीवी की तरह निगरानी बनाए रखी. इसके लिए दूसरे राज्य के नेताओं को विधानसभा क्षेत्रों में पर्यवेक्षक नियुक्त किया था. प्रदेश प्रभारी पांडेय को भी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए थे. प्रत्याशियों से भी फीडबैक देने के लिए कहा था. तीनों की रिपोर्ट के मिलान के बाद हर लोकसभा सीट की एक विस्तृत रिपोर्ट तैयारी की जाएगी जिसे बाद में पांडेय कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को सौंपेंगे.

मंत्रियों-विधायकों के खिलाफ कार्रवाई के थे निर्देश
लोकसभा चुनाव से पहले हाईकमान ने तमाम प्रभारियों को निर्देश दिए थे कि जिस भी विधायक और मंत्री की विधानसभा में परफॉर्मेंस खराब होगी, उसके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी. कार्यवाही से मतलब मंत्री पद से छुट्टी और भविष्य में टिकट नहीं देने के सख्त निर्देश दिए गए थे. कड़े निर्देश के पीछे हाईकमान की मंंशा पार्टी के खिलाफ जाकर काम नहीं करने देने का संदेश था. अब देखना है कि विपरित परिणाम आने पर हाईकमान कड़ी कार्यवाही करते है या नहीं.

‘मोदी के सिर्फ 16 दिन बचे, जल्द डूबते जहाज से कूदेंगे चूहे’

PoliTalks news

लोकसभा चुनाव के पांच चरण पूरे हो चुके हैं और सभी राजनीतिक पार्टियां अपनी अपनी सरकार बनने का दम भर रही हैं. साथ ही विपक्ष पर टिप्पणी और छिंटाकशी करने से भी नहीं हट रही. पीएम से लेकर सीएम और नेताओं से लेकर कार्यकर्ता, सब एक दूसरे पर कीचढ़ उछालने का कोई मौका हाथ से जाने नहीं देना चाहते. ऐसे ही कुछ बयान सोशल मीडिया में भी वायरल होकर सुर्खियां बटौर लेते हैं. कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सोशल मीडिया के जरिए बयान दिया है. उन्होंने एक ट्वीट करते हुए कहा, ‘नरेंद्र मोदी की उल्टी गिनती शुरू हो गई है. अब सिर्फ 16 दिन बचे हैं … Read more

राजयोग के लिए दिग्गी का ‘हठयोग’, साध्वी प्रज्ञा ने ढोंग करार दिया

PoliTalks news

मध्यप्रदेश की हॉट सीट भोपाल में बीजेपी प्रत्याशी साध्वी प्रज्ञा सिंह अपने आपको हिंदुत्व का प्रतीक बताते हुए स्थानीय जनता के सामने पेश कर रही है. ऐसे में कांग्रेस प्रत्याशी दिग्विजय सिंह के सामने मुकाबला काफी कड़ा हो गया था. अब कांग्रेस के प्रत्याशी ने हिंदू कार्ड पर अपना हठयोग दांव खेला है.  यह हठयोग साधु की लंबी फौज है जो दिग्गी के समर्थन में उतर आई है. अब साध्वी के सामने साधु भी उतर आए हैं और दिग्विजय का समर्थन कर धूनी रमाकर बैठ गए हैं. अब यह लड़ाई प्रज्ञा ठाकुर बनाम दिग्विजय न रहकर साध्वी बनाम साधु हो गई है. भोपाल में छठे चरण में 12 मई को चुनाव होने हैं.

यह काफी रोचक दृश्य रहा जब साधु-संतों की टोली दिग्विजय सिंह के लिए धूनी रमा रहे थे. यहां द‍िग्विजय स‍िंह ने अपनी पत्नी के साथ हवन क‍िया. संतों के इस समागम में करीब 600 साधु आए ज‍िन्हें कम्प्यूटर बाबा लीड कर रहे हैं. बुधवार को दिग्व‍िजय के समर्थन में कम्प्यूटर बाबा रोड शो भी न‍िकालेंगे.

दिग्गी के चुनाव प्रचार में जुटे कंप्यूटर बाबा उर्फ नामदेव त्यागी का कहना है, ‘कांग्रेस के पूर्व मुख्यमंत्री ही नर्मदा के असली भक्त हैं. हम उनके साथ हैं जिन्होंने नर्मदा परिक्रमा की है न कि उनके साथ जिन्होंने जेल यात्रा की है.’ उन्होंने जानकारी दी कि सात हजार से ज्यादा देशभर से आए साधु भोपाल में डेरा जमाए हुए हैं और सभी हठयोग भी कर रहे हैं. सभी साधु 13 अखाड़ों से जुड़े हुए हैं और दिग्विजय सिंह की जीत सुनिश्चित करने के लिए पूजा पाठ कर रहे हैं. जब उनसे पूछा गया कि यह हठयोग क्या है तो उन्होंने जवाब दिया कि हठयोग साधुओं की कड़ी तपस्या का एक फल है जो इच्छापूर्ति के लिए किया जाता है. हठयोग में साधु संत कड़ी गर्मी में अपने चारों ओर गोबर के कंडों में आग जलाकर अपने चारों ओर घेरा बना लेते हैं और फिर विभिन्न ​मुद्राओं में तप करते हैं.

यह खबर साध्वी प्रज्ञा ठाकुर के लिए बिलकुल भी अच्छी नहीं होगी. हालांकि प्रज्ञा ठाकुर ने साधुओं के इस कर्मकांड को भगवा के वेश में ढोंगी करार दिया है. बता दें, साध्वी प्रज्ञा मालेगांव ब्लास्ट में आरोपी हैं और कई साल तक जेल में रहीं है. इसके बाद भी बीजेपी का झंड़ा थामे साध्वी केवल और केवल हिंदूत्व के नाम पर वोट मांग रही है. अब दिग्विजय सिंह को भी साधुओं का साथ मिल गया है तो हिंदूत्व का उनका पलड़ा भी अब बराबरी पर आ टिका है. अब दोनों ओर से साधु-साध्वी या मठों से जुड़े लोग लोगों से वोट अपील करते हुए नजर आएंगे तो टक्कर बराबरी की होना लाज़मी है.

सुप्रीम कोर्ट का EVM-VVPAT पर विपक्ष को झटका, नायडू ने कहा- फिर करेंगे शिकायत

Floor Test in Maharashtra

मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने लोकसभा चुनाव के बीच ईवीएम-वीवीपैट मामले में विपक्ष को करारा झटका देते हुए उनकी वह याचिका कर दी, जिसमें कोर्ट से मांग की गई थी कि वह निर्वाचन आयोग को आदेश दें कि चुनाव के बाद वीपीपैट मशीन की आधी पर्चियों का ईवीएम के आंकड़ों से मिलान करवाया जाए. कोर्ट ने यह कहते हुए कि बार-बार एक ही मामले पर सुनवाई क्यों की जाए याचिका को नकार दिया. सुनवाई के दौरान कोर्ट में विपक्ष के दिग्गज नेता चंद्रबाबू नायडू, डी. राजा, संजय सिंह और फारूक अब्दुल्ला उपस्थित रहे. बता दें कि टीडीपी व कांग्रेस सहित विपक्ष के 21 राजनीतिक दलों ने सुप्रीम कोर्ट में एक … Read more