वसुंधरा राजे ने बीकानेर में अर्जुन मेघवाल के प्रचार से परहेज क्यों किया?

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‘मिशन-25’ के तहत राजस्थान की सभी सीटों पर जीत का दावा करने वाली बीजेपी भले ही मोदी के नाम पर वोट मांग कर एकजुटता का दावा करे, लेकिन बीकानेर में पार्टी का यह दावा खोखला साबित होता नजर आ रहा है. प्रदेश में बीजेपी का सबसे बड़ा चेहरा होने के बावजूद वसुंधरा राजे ने बीकानेर में चुनाव प्रचार से पूरी तरह से दूरी बनाए रखी. वसुंधरा की इस दूरी ने सियासी हल्कों में नई चर्चा को जन्म दे दिया है. दरअसल, अर्जुनराम की गिनती प्रदेश के उन बीजेपी नेताओं में होती है, जिन्हें वसुंधरा के विरोधी खेमे और केंद्रीय नेतृत्व के नजदीक माना जाता है. केंद्र की राजनीति में अपने … Read more

बिहार में पीएम मोदी ने AFSPA पर जताई राय, नीतीश की जमकर तारीफ

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लोकसभा चुनाव के पांचवे चरण के लिए धुंआधार प्रचार के चलते पीएम नरेंद्र मोदी शनिवार को बिहार के दौरे पर रहे. यहां उन्होंने पार्टी प्रत्याशियों के समर्थन में आयोजित चुनावी सभाओं को संबोधित किया और विपक्ष सहित क्षेत्रीय गठबंधन पर कई वार किए. पीएम ने प्रदेश के चंपारण, रामनगर, बस्ती व प्रतापगढ़ में चुनावी सभाओं में अपना संबोधन दिया. अपने संबोधन में पीएम मोदी ने बिहार सीएम नीतीश कुमार की जमकर तारीफ की और कहा कि उन्होंने बिहार के घर-घर से लालटेन हटाने का काम किया है. चुनावी रैली में संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने एक शेर बोला – न मैं गिरा ना मेरी उम्मीदों के मीनार गिरे, पर … Read more

मसूद अजहर पर बैन की कार्रवाई हमने शुरू की, क्रेडिट ले रही बीजेपी: कांग्रेस

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देश में लोकसभा चुनाव के बीच यूएन द्वारा जैश-ए-मोहम्मद सरगना मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित किए जाने राजनीति में उबाल देखा जा रहा है. एक तरफ पीएम मोदी के साथ-साथ पूरी बीजेपी इसका श्रेय लेने में जुटी है तो दूसरी ओर कांग्रेस पार्टी ने भड़कते हुए इसे यूपीए सरकार द्वारा शुरू की गई कार्रवाई का नतीजा बताया है. कांग्रेस का कहना है कि मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित कराने की कोशिश 2009 में शुरू की गई थी, जिसका नतीजा है कि आज यह कामयाबी मिल सकी है. पूर्व गृहमंत्री व वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने प्रेसवार्ता आयोजित कर आंतकी मसूद अजहर मामले में बीजेपी द्वारा श्रेय लेने पर … Read more

रोड शो में अरविंद केजरीवाल को मारा थप्पड़, मचा बवाल

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आप प्रमुख व दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल को दिल्ली में रोड शो के दौरान एक शख्स ने जोरदार थप्पड़ जड़ दिया. सीएम केजरीवाल नई दिल्ली प्रत्याशी बृजेश गोयल के समर्थन में एक खुली जीप में सवार होकर रोड शो कर रहे थे. तभी अचानक लाल टी शर्ट पहने एक युवक भीड़ में से निकला और जीप पर चढ़कर उनके गाल पर तमाचा रसीद कर दिया. जिसके बाद पूरे रोड शो में बवाल मच गया. थप्पड़ मारने वाले शख्स को हिरासत में ले लिया गया है.

दरअसल, अरविंद केजरीवाल नई दिल्ली सीट से आप प्रत्याशी बृजेश गोयल के समर्थन में रोड शो में हिस्सा लेने पहुंचे थे. जहां केजरीवाल एक खुली जीप में खड़े होकर भाषण देने के साथ उपस्थित लोगों का अभिनंदन स्वीकार रहे थे. इस दौरान जब रोड शो मोतीनगर इलाके में आया तो यहां एक शख्स भीड़ में से अचानक निकला और जीप पर चढ़कर केजरीवाल को जोरदार थप्पड़ रसीद कर दिया.

जिसके तुरंत बाद आप वॉलिन्टियर व सुरक्षाकर्मियों ने युवक को दबोच लिया. आरोपी युवक दिल्ली में मोतीनगर के कैलाश पार्क का निवासी बताया जा रहा है. जानकारी के अनुसार सुरेश नाम का ये शख्स केजरीवाल सरकार से नाराज था और इसकी यहीं स्थानीय मार्केट में स्पेयर-पार्ट्स की दुकान है.घटना के बाद आरोपी युवक को मोतीनगर थाने ले जाया गया, जहां उससे गहन पूछताछ की जा रही है.

बता दें कि इससे पहले भी अरविंद केजरीवाल को एक युवक ने रोड शो के दौरान ही माला पहनाते समय थपड़ मारा था. एक मुख्यमंत्री पर ऐसा हमला होना बड़ी शर्मनाक बात है क्योंकि ऐसी घटनाओं के बाद आम आदमी की सुरक्षा को लेकर कहा ही क्या जा सकता है.

राजस्थान: अलवर में एक संन्यासी और राजा में रोचक जंग

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करीब डेढ़ साल पहले अलवर लोकसभा के उपचुनाव में लाखों वोटों से जीतने वाली कांग्रेस के लिए सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पैदा हुआ सियासी माहौल पूरी तरह बदल गया है. यही वजह है कि दोबारा शुरु हुई मोदी लहर के बीच कांग्रेस के लिए जीत बरकरार रखना बेहद चुनौतीपूर्ण हो गया है. अलवर के चुनावी रण में मुकाबला एक संन्यासी और एक राजा के बीच है. इस सीट से बीजेपी ने योगी बालकनाथ को अपना उम्मीदवार बनाया है, वहीं कांग्रेस ने एक बार फिर पूर्व अलवर राजघराने के भंवर जितेंद्र सिंह को मैदान में उतारा है. लेकिन यहां का मुकाबला एक बार फिर यादव बनाम अन्य जातियों के बीच बनता जा रहा है.

बीजेपी के बालकनाथ को महंत चांदनाथ के सांसद रहने के दौरान बीमारी के चलते निष्क्रिय रहने की खामी और बाहरी होने के चलते खतरा मंडरा रहा है. इससे बचने के लिए बालकनाथ हर सभा में ‘मोदी मोदी’ के नारे लगवा रहे हैं और ‘मोदी को मिल गया जोगी’ गाना बजवा रहे हैं. वहीं भंवर जितेंद्र सिंह 2009 में केंद्र में मंत्री रहते हुए अलवर में कराए गए विकास कार्यों को गिनाते हुए मोदी लहर को कम करने में लगे हैं.

बसपा ने यहां अपना प्रत्याशी खड़ा करके कांग्रेस की धड़कने बढ़ा दी हैं. हालांकि मुकाबले में बसपा, कांग्रेस के मेव मुस्लिम और एससी वोट बैंक में सेंध लगाती नहीं दिख रही. यह तय है कि यादव एकतरफा बालकनाथ को वोट देंगे तो मेव मुस्लिम और मीणा कांग्रेस के साथ जाएंगे. ऐसे में जनरल, ओबीसी और दलित वोट बैंक का पलड़ा जिस तरफ भारी रहेगा, नतीजा उसी पर निर्भर करेगा.

सियासी समीकरण
अलवर लोकसभा क्षेत्र में आठ विधानसभा आती है. डेढ़ साल पहले महंत चांदनाथ के निधन के चलते हुए उपचुनाव में कांग्रेस ने 1.96 लाख वोटों से यह सीट जीती थी लेकिन विधानासभा चुनाव में पार्टी ने यह बढ़त खो दी. कांग्रेस को यहां से विधानसभा चुनाव में महज तीन सीटें मिली. दो-दो सीटें बीजेपी, बसपा और एक निर्दलीय के खाते में गई.

विधानसभा चुनाव के परिणामों के हिसाब से बात की जाए तो कांग्रेस अलवर ग्रामीण और राजगढ़-लक्ष्मणगढ़ में अच्छी लीड हासिल करेगी. वहीं बीजेपी बहरोड़ और मुंडावर में बढ़त बनाएगी. बीजेपी किशनगढ़बास और अलवर शहर से भी आगे रह सकती है. रामगढ़ सीट पर कांग्रेस खुद को मजबूत मानकर चल रही है लेकिन तिजारा से बसपा विधायक होने के चलते टेंशन में दिख रही है.

जातिगत समीकरण
अलवर का चुनाव मोदी लहर और जातिगत होने के कारण कांटे का हो गया है. पिछले नौ चुनाव में बीजेपी ने लोकसभा मेंं सात बार यादव जाति के नेता को टिकट दिया है. इस बार भी पार्टी ने यादव उम्मीदवार पर दांव खेला है. लिहाजा एक बार फिर मुकाबला यादव बनाम अन्य जातियों के बीच बनता दिख रहा है. अगर ऐसा होता है तो कांग्रेस की जीत की राह मजबूत हो जाएगी. लेकिन बालकनाथ इस समीकरण को भांपते हुए यादवों के अलावा अन्य वोटों को हासिल करने के लिए मोदी लहर पर सवार हो गए है और मोदी मोदी की माला जप रहे है.

अलवर में करीब 18 लाख 62 हजार 400 मतदाता है जिनमें करीब 3.6 लाख यादव, 4.5 लाख दलित, 3.35 लाख मेव मुस्लिम, 1.4 लाख जाट, 1.15 लाख ब्राह्मण, एक लाख वैश्य और बाकी अन्य जातियों के वोट बैंक है. सबसे अहम निर्णायक वोट दलित वोट बैंक है. जो इन वोटों को साध पाएगा, जीत उसी की हो जाएगी.

बालकनाथ यादव हैै और कांग्रेस ने उपचुनाव में नाइट वाचमैन की तर्ज पर उतारे गए मौजूदा सांसद करण सिंह यादव का टिकट काट दिया लिहाजा यादव वोटर्स कांग्रेस से खफा है. बहरोड़ में यादवों के एकतरफा बालकनाथ के साथ जाने की पूरी संभावना है. कांग्रेस प्रत्याशी को इस नुकसान का पूरा ज्ञान भी है. मुंडावर में जाट भाजपा विधायक मंजीत चौधरी के चलते बीजेपी के पाले में जाने की की संभावना है. लिहाजा भंवर जितेन्द्र सिंह को मेव मुस्लिम और मीणावाटी राजगढ़ में मीणा मतदाताओं के एकतरफा वोट लेने होंगे.

बसपा से होने वाले नुकसान की भरपाई में जुटे जितेंद्र सिंह
विधानसभा चुनाव में बसपा अलवर में बड़ी ताकत बनकर उभरी थी. बसपा ने तिजारा और किशनगढ़बास सीट पर जीत दर्ज की थी जबकी मुंडावर में दूूसरे नंबर पर रही थी. इस बार बसपा ने इमरान खान को यहां से टिकट दिया है. इमरान सीधे रुप से कांग्रेस के मेव मुस्लिम औऱ एससी वोटों में सेंध लगाने की कोशिश करेंगे. हालांकि लेकिन धरातल पर फिलहाल ऐसा नजर नहीं आ रहा.

मुस्लिम वोटर्स इमरान और बसपा दोनों में रुचि नहीं दिखा रहे. मुस्लिम वोटर्स इमरान को वोट देने से मोदी राज में कांग्रेस को होने वाले नुकसान से भलीभांंति परिचित है. लिहाजा जानकारों और मुस्लिम वोटर्स का मिजाज देखें तो वो कांग्रेस के साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं. दलितों के वोट जरुर बसपा लेते दिख रही है. ऐसे में भंवर जितेंद्र सिंह बसपा से होने वाले नुकसान को कवर करने में जुटे हुए हैं.

चुनाव में तीसरा पहलू कर रहा है काम
इन तमाम सियासी और जातिगत समीकरणों के बीच अलवर के कईं मतदाताओं का मिजाज बहुत कुछ बयां करता है. लोगों का कहना है कि साधु और संन्यासियों को धार्मिक कार्यों में रुचि दिखाई चाहिए न की सियासत में. लोगों ने कहा कि महंत चांदनाथ को सांसद चुना तो उन्होंने कुछ नहीं किया. वहींं कुछ वोटर्स ने कहा कि बालकनाथ जीतते है तो फिर हमें यहां से काम के लिए उनके पास हरियाणा जाना होगा. ऐसे में साफ है कि लोगों में बाहरी होने का मुद्दा काम कर रहा है.

एक चौंकाने वाली बात निकलकर यह भी आई है कि लोग 2009 में भंंवर जितेंद्र सिंह के केंद्र में मंत्री रहतेे हुए अलवर में कराए गए कामों को अब भी याद कर रहे हैं. जितेंद्र सिंह की साफ सुथरी छवि भी लोगों को रास आ रही है. इन सबके बीच साइलेंट वोटर्स के मूड को भांपना बहुत कठिन है लेकिन तमाम फैक्टर और समीकरणों के बीच मोदी लहर अब भी बरकार है.

वित्त मंत्री अरूण जेटली की PC, राहुल गांधी रहे निशाना

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लोकसभा चुनाव के समर में आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है. इस बयानबाजी के दंगल में दोनों राजनीतिक दलों के अलावा अन्य पार्टियों के शीर्ष नेता भी कूद पड़े हैं. इसी क्रम में बीजेपी के वरिष्ठ नेता व वित्त मंत्री अरूण जेटली ने पार्टी कार्यालय में प्रेसवार्ता कर राहुल गांधी पर बड़ा हमला बोला है. नागरिकता मामले के बाद अब बीजेपी ने राहुल को बैकॉप्स कंपनी में उनकी हिस्सेदारी और मालिकाना हक को लेकर घेरने की कोशिश की है. बीजेपी मुख्यालय दिल्ली में प्रेसवार्ता के दौरान वित्त मंत्री अरूण जेटली ने राहुल गांधी पर जमकर वार किए. इस दौरान जेटली ने राहुल को सही मुद्दे पर चुप रहने वाला बताया और … Read more

क्या नागौर में जाट-राजपूत एकता की नई मिसाल देखने को मिल सकती है?

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देशभर में हो रहे लोकसभा चुनाव का पांचवा चरण 6 मई को संपन्न होगा. राजस्थान में भी इस बार 2 चरणों में चुनाव प्रक्रिया संपन्न हो रही है. पहले चरण के चुनाव 29 अप्रैल हो चुके हैं, जिसमें प्रदेश की 13 लोकसभा सीटों पर वोटिंग हुई. बाकी बची 12 सीटों पर 6 मई को वोट डाले जाएंगे. इन 12 सीटों में नागौर सीट पर सबसे दिलचस्प मुकाबला देखने को मिल रहा है.

नागौर में जहां एक और मिर्धा परिवार की राजनीतिक दांव पर है, वहीं दूसरी ओर प्रदेश की राजनीति में अपने बूते अलग तरह की धाक रखने वाले हनुमान बेनीवाल के राजनीतिक कौशल की भी परीक्षा है. आपको बता दें कि कांग्रेस ने नाथूराम मिर्धा की पोती ज्योति मिर्धा को नागौर के चुनावी रण में उतारा है जबकि बीजेपी ने राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी यानी आरएलपी के साथ गठबंधन करते हुए हनुमान बेनीवाल को मौका दिया है.

दोनों उम्मीदवार धुंआधार प्रचार में लगे हुए हैं. हनुमान बेनीवाल खुद की छवि और नरेंद्र मोदी का नाम लेकर वोट मांग रहे हैं तो ज्योति मिर्धा सांसद रहते हुए करवाए विकास कार्यों को गिनाकर वोट मांग रही हैं. प्रचार के इस प्रपंच के बावजूद चुनाव जाति की जाजम पर पसरता हुआ दिखाई दे रहा है. सबकी निगाह जाट और राजपूत समाज पर टिकी हुई हैं. राजनीति के जानकार यह मानकर चल रहे हैं कि इन दोनों जातियों का रुख ही इस चुनाव में हार-जीत तय करेगा.

दोनों उम्मीदवार जाट और राजपूतों को अपने-अपने पाले में लाने की मशक्कत कर रहे हैं. इस बीच यह सवाल भी नागौर की जनता के मन में उठ रहा है कि क्या एक बार फिर जाट और राजपूत एक मंच पर आकर राजनीति का नया अध्याय लिखेंगे. आपको बता दें कि प्रदेश की राजनीति में दिग्गज नेता रहे नाथूराम मिर्धा और कल्याण सिंह कालवी पहले भी दोनों जातियों को एक पाले में ला चुके हैं.

आमतौर पर जाट और राजपूत जातियों के बीच हमेशा तनाव की स्थिति रहती है, लेकिन राजनीति में कभी कोई स्थाई शत्रु और मित्र नहीं होता. क्या इस चुनाव में भी जाट और राजपूत एक जाजम पर बैठने वाले हैं? बता दें कि नागौर सीट पर लगभग 2 लाख राजपूत मतदाता हैं. वैसे तो राजपूतों को बीजेपी का वोट बैंक माना जाता है, लेकिन इस बार बीजेपी ने आरएलपी से गठबंधन कर हनुमान बेनीवाल को मैदान में उतारा है, जिनकी छवि कट्टर जाट नेता की रही है.

बेनीवाल के मैदान में आने के बाद से नागौर के राजपूत बीजेपी से छिटकते हुए दिखाई दे रहे हैं. कई राजपूत संगठन हनुमान बेनीवाल का विरोध करने के लिए मैदान में उतर चुके हैं. करणी सेना के लोकेंद्र सिंह कालवी भी बेनीवाल के खिलाफ वोट देने की अपील कर चुके हैं. दूसरी ओर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत राजपूत समाज को बेनीवाल के पक्ष में करने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक रहे हैं.

गौरतलब है कि गजेंद्र सिंह शेखावत जोधपुर से बीजेपी के उम्मीदवार हैं. उनकी सीट पर पहले चरण में मतदान हो चुका है. हनुमान बेनीवाल ने उनके समर्थन में दो सभाओं को संबोधित करते हुए जाट समाज से गजेंद्र सिंह शेखावत के पक्ष में मतदान करने की अपील की थी. अब गजेंद्र सिंह शेखावत ने बेनीवाल का सियासी कर्ज उतारने के लिए नागौर में डेरा डाल रखा है.

गजेंद्र सिंह शेखावत हर भाषण में यह संदेश दे रहे हैं कि नागौर लोकसभा सीट से हनुमान बेनीवाल नहीं गजेंद्र सिंह शेखावत चुनाव लड़ रहा है. शेखावत भावुक अपील के जरिए एक बार फिर राजपूत समाज को भाजपा के पक्ष में खड़ा करने का प्रयास कर रहे हैं. यदि उनकी अपील ने असर किया तो नागौर में जाट-राजपूत एकता की नई मिसाल देखने को मिल सकती है. बहरहाल, सबको 6 मई को वोटिंग और 23 मई को काउटिंग का इंतजार है.

सुब्रमण्यम स्वामी का मोदी सरकार पर ग्रेड वार, आ​र्थिक विकास में बताया फिसड्डी

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बीजेपी के दिग्गज नेता सुब्रमण्यम स्वामी अपने बयानों को लेकर चर्चा में बने ही रहते हैं. खासकर पीएम मोदी व केंद्र सरकार पर दिए गए उनके बयान चौकाने वाले रहते हैं. आज राज्यसभा सांसद स्वामी ने पीएम नरेंद्र मोदी की केंद्र सरकार को ग्रेडिंग देकर सबको फिर चौका दिया है. अपने ट्विटर हैंडल से उन्होंने एक ट्वीट कर मोदी सरकार को राष्ट्रीय सुरक्षा के मामले पर ए, भ्रष्टाचार से लड़ाई में बी प्लस व मैक्रो आर्थिक विकास पर सी ग्रेड दी है. स्वामी के इस ट्वीट के बाद सियासी गलियारों में खलबली मच गई है. क्योंकि खुद मोदी सरकार स्वामी की इस ग्रेडिंग के विपरित प्रचार में जुटी है. My … Read more

राहुल का मोदी पर हमला, कहा- पीएम सेना को निजी संपति समझते हैं

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को घेरते हुए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रेसवार्ता में कहा कि आधे चुनाव खत्म हो चुके हैं, जिसमें बीजेपी की छुट्टी हो गई है. मोदी सरकार के सारी बातों को नकारते हुए देश की जनता किसानों की समस्याओं, बेरोजगारी व बढ़े भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कांग्रेस के समर्थन में मतदान कर रही है. राहुल गांधी ने बेरोजगारी के मुद्दे पर अपनी राय रखते हुए कहा कि इस समय देश के सामने सबसे बड़ी समस्या कोई है तो वो बेरोजगारी है. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी की नीतियों ने देश की अर्थव्यवस्था को बर्बाद कर दिया है. देश मोदीजी से 2014 में उनके द्वारा किए गए दो … Read more

आज पूरे दिन राहुल-प्रियंका रहेंगे अमेठी में, रोड़ शो के साथ कई कार्यक्रम

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लोकसभा चुनाव का रथ धीरे-धीरे सातवें व अंतिम चरण की ओर बढ़ रहा है. 6 मई को होने वाले पांचवें चरण के मतदान का चुनाव प्रचार आज शाम 5 बजे बंद हो जाएगा. इसके चलते कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी आज पूरे दिन अमेठी में चुनाव प्रचार करेंगे. इस दौरान पार्टी महासचिव व उनकी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा भी उनके साथ रहेंगी. प्रियंका गांधी को पार्टी द्वारा पूर्वी यूपी का प्रभारी भी नियुक्त किया गया है. जिसके बाद से वे यहां काफी सक्रिय नजर आ रही हैं. अपने पूरे दिन के कार्यक्रम के अनुसार राहुल गांधी रोड़ शो के अलावा जनसंपर्क व चुनावी सभाओं को संबोधित भी करेंगे. राहुल … Read more