राम नवमी के जरिए पश्चिम बंगाल में राजनीति साधने की कोशिश में बीजेपी!

Suvendu Adhikari
15 Mar 2025
पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारी के तहत भारतीय जनता पार्टी अभी से अपना राजनीतिक ताना बाना बुनने की तैयारी शुरू करने में जुट गयी है. इसकी तैयारी अगले महीने आने वाली राम नवमी से की जाएगी. बीजेपी ने एक बार फिर से पश्चिम बंगाल में व्‍यापक पैमाने पर राम नवमी का त्‍योहार मनाने की घोषणा कर दी है. इसमें करीब एक करोड़ से अधिक हिन्दूओं को जोड़ने की तैयारी कर ली है. साल 2026 में मार्च-अप्रैल के दौरान विधानसभा चुनाव होने हैं, ऐसे में बीजेपी के इस महाअभियान को उसी से जोड़कर देखा जा रहा है. https://www.youtube.com/watch?v=SP6_BdL6yxw यह भी पढ़ें: रंगोत्सव पर अलग रंग में दिखे सीएम भजनलाल, क्या आपने देखा उनका ये रंगीला अंदाज इस बार 6 अप्रैल को राम नवमी का त्योहार मनाया जाएगा. इस मौके पर पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदू अध‍िकारी ने इस आयोजन को न केवल व्‍यापक पैमाने पर मनाने का ऐलान किया है, बल्कि स्थानीय प्रशासन से सीधे टक्कर लेने का भी इरादा कर लिया है. सुवेंदू अधिकारी अपने विधानसभा क्षेत्र नंदीग्राम (पूर्वी मेदिनीपुर) में आयोजित एक कार्यक्रम में रामनवमी प्‍लान के बारे में जानकारी दी है. उन्‍होंने रामनवमी के आयोजकों से कहा कि उन्‍हें रामनवमी के मौके पर धार्मिक जुलूस निकालने के लिए प्रशासन से अनुमति लेने की जरूरत नहीं है. पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदू अध‍िकारी ने कहा कि प्रभु श्रीराम की पूजा अर्चना करने के लिए हमें किसी के परमिशन की जरूरत नहीं है. पिछले साल रामनवमी को लेकर पश्चिम बंगाल में खूब अफरा-तफरी मची थी. बीजेपी ने मुख्‍यमंत्री ममता बनर्जी की सरकार पर गंभीर आरोप लगाए थे. बस बीजेपी इस बार चुनाव से पहले अपना यह पैतरा फिर से भुगाने की कोशिश में है. बीजेपी नेता सुवेंदू अधिकारी ने बताया कि पश्चिम बंगाल में इस बार रामनवमी के मौके पर राज्‍यभर में तकरीबन दो हजार जुलूस निकाले जाएंगे. इन रैलियों में एक करोड़ से ज्‍यादा हिन्‍दुओं के हिस्‍सा लेने की संभावना है. यह भी पढ़ें: ‘यूपी-बिहार वालों के पास बच्चे पैदा करने के अलावा कोई काम नहीं..’ अधिकारी ने आगे कहा कि पिछले साल राम नवमी पर करीब 50,000 हिंदुओं ने करीब एक हजार रैलियों में हिस्सा लिया था. इस साल यह संख्या एक करोड़ होगी जिसमें कम से कम एक करोड़ हिंदू राम नवमी पर दो हजार रैलियां निकालकर पूरे राज्य में सड़कों पर उतरेंगे. उन्होंने जुलूस निकालने के लिए प्रशासन से अनुमति नहीं लेने की बात भी कही. अधिकारी ने कहा कि भगवान राम की पूजा करने के लिए हमें अनुमति की आवश्यकता नहीं है. हालांकि प्रशासन के बहाने सीएम ममता बनर्जी पर ये कहते हुए निशाना भी साधा कि हम शांतिपूर्ण रहेंगे, लेकिन यह सुनिश्चित करना प्रशासन का काम है कि दूसरे लोग भी शांतिपूर्ण रहें. अब देखना होगा टीएमसी सुप्रीमो का इस बारे में क्या कहना होता है.