‘प्रदेश में होना चाहिए सत्ता का विकेंद्रीकरण, पावर पूरी तहर से है केंद्रीयकृत, मंत्रियों के हाथ में नहीं है कुछ’

खाचरियावास के समर्थन में आए गुढ़ा
7 Nov 2022
Rajasthan Politics Rajendra Gudha: राजस्थान में लगातार जारी सियासी बयानबाजी को लेकर प्रदेश की सियासत गरमाई हुई है. हाल ही में अफसरशाही के हावी होने को लेकर प्रदेश सरकार के मंत्री ही आमने सामने हो गए थे. खाद्य मंत्री प्रताप सिंह खाचरियवास ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से अपील करते हुए अधिकारीयों की ACR बनने का अधिकार मंत्रियों को पास होने की बात कही थी. जिसे लेकर सरकार के दो मंत्री आमने सामने भी हो गए थे लेकिन दोनों ने अपने राजनीतिक स्तर का उचित उदाहरण देते हुए मामले को शांत कर दिया. लेकिन दो दिन की शांति के बाद एक बार फिर बयानबाजी शुरू हो गई है. मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास को अब प्रदेश सरकार में मंत्री एवं सचिन पायलट खेमे के माने जाने वाले राजेंद्र गुढ़ा का साथ मिला है. राजेंद्र गुढ़ा ने कहा कि, 'प्रदेश में सत्ता का विकेंद्रीकरण होना चाहिए. राजस्थान में पावर पूरी तहर से केंद्रीयकृत है. मंत्रियों के हाथ में कुछ नहीं है.' https://youtu.be/nBy8XZejvGA अक्सर अपने बयानों को लेकर चर्चा में रहने वाले एवं सचिन पायलट को प्रदेश की कमान सौंपने की लगातार मांग उठाने वाले उदयपुरवाटी विधायक राजेंद्र गुढ़ा ने एक बार फिर अपनी ही सरकार पर निशाना साधा. यही नहीं राजेंद्र गुढ़ा ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर निशाना साधते हुए कहा कि, 'सत्ता का विकेंद्रीकरण होना चाहिए. राजस्थान में पावर पूरी तहर से केंद्रीयकृत है और मुख्यमंत्री के पास है. राजस्थान में मुख्यमंत्री डीजी अप्पोइंट करते हैं लेकिन कॉन्स्टेबल का ट्रांसफर भी मुख्यमंत्री ही करते हैं. हाल ही जो ACR भरने के अधिकारों की बात हो रहा है वो बहुत बड़ा मुद्दा है. कांस्टेबल के ट्रांसफर के लिए सीएम आवास जाना पड़ता है.' वहीं कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी जिक्र करते हुए राजेंद्र गुढ़ा ने बड़ा बयान दिया. यह भी पढ़े: राम-भरत ने जिस सिंहासन का एक दूसरे के लिए किया त्याग, आज उसे पाने के लिए हो रहा है संघर्ष- राजे राजेंद्र गुढ़ा ने कहा कि, 'राहुल गांधी जी कहते हैं कि एक प्रदेश को 50 लोग चलाने चाहिए. देश को 200 लोग चलाने चाहिए. लेकिन यहां तो बिलकुल ही अलग है. सबकुछ एक ही हाथ में है. प्रताप सिंह खाचरियवास की बात से मैं 100 प्रतिशत सहमत भी हूँ और उस बात में सच्चाई भी है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को भी सबकुछ पता है क्योंकि ये सब उन्होंने ही कर रखा है. यह मांग लंबे समय से चली आ रही है.' वहीं मंत्री महेश जोशी की बयान पर राजेंद्र गुढ़ा ने कहा कि, 'पता नहीं उनकी क्या मजबूरी है, मुझे कुछ नहीं पता.' राजेंद्र गुढ़ा से पहले ओसियां विधायक दिव्या मदेरणा भी प्रताप सिंह खाचरियावास के पक्ष में बयान देते हुए ACR भरने के अधिकारीयों को लेकर अपनी आवाज बुलंद कर चुकी है. यह भी पढ़े: जो कमजोर होता है वो करता है मरने की बात- जोशी ने किया पलटवार तो खाचरियावास ने शब्द लिए वापस बता दें कि राजस्थान में आईएएस अफसरों की एसीआर भरने के मामले में घमासान मचा हुआ है. मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने सीएम गहलोत को पत्र लिखकर एसीआर भरने का अधिकार देने की मांग की है. जबकि मंत्री महेश जोशी ने मंत्री खाचरियवास के बयान के इत्तर विभाग में सुनवाई की बात कही. जिसके बाद खाचरियावास ने जोशी को गुलाम बताते हुए बड़ा बयान दिया था. हालांकि इस बयान मंत्री महेश जोशी के बड़े ही सहज बयान के बाद खाचरियावास ने अपने शब्द वापस ले लिए थे. मंत्री महेश जोशी ने पत्रकार वार्ता करते हुए कहा था कि हां मैं गुलाम लेकिन कांग्रेस पार्टी का गुलाम हूँ. वहीं अब इस पूरे विवाद में राजेंद्र गुढ़ा ने बड़ा बयान देते हुए प्रदेश की सियासत को गरमा दिया है.