भगवान राम की भी होगी यही इच्छा, मोदी-शाह और उनकी नाजी सेना 2024 में नहीं आए सत्ता में- शिवसेना

शिवसेना का ‘नाजीवार’
26 Feb 2022
Politalks.News/Maharashtra. महाराष्ट्र (Maharashtra) में चल रही सरकारी एजेंसियों की कार्रवाई के बाद सियासत पूरी तरह गरमा गई है. मनी लॉन्ड्रिंग केस में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने प्रदेश की महाविकास अघाड़ी सरकार में मंत्री नवाब मलिक (Nawab Malik) को गिरफ्तार कर लिया है. तो वहीं मुंबई नगर निगम (Mumbai Municipal Corporation) की स्थायी समिति के अध्यक्ष और शिवसेना (Shiv Sena) नेता यशवंत जाधव (Yashwant Jadhav) के मझगांव स्थित आवास पर शुक्रवार सुबह आयकर विभाग की टीम ने छापेमारी की. गठबंधन के नेताओं पर हो रही कार्रवाई को लेकर अब प्रदेश की सियासत गरमा गई है. शिवसेना ने अपने मुखपत्र सामना के जरिये भाजपा पर निशाना साधा और कहा कि, '2024 में पीएम नरेंद्र मोदी, अमित शाह और उनकी नाजी सेना वापस सत्ता में नहीं लौटेगी.' https://www.youtube.com/watch?v=MltSISEJ18Q महाराष्ट्र में सरकारी एजेंसियों द्वारा की जा रही कार्रवाई से महाराष्ट्र की सियासत में उबाल आ गया है. सियासी दिग्गजों ने भाजपा के खिलाफ अब खुलकर मोर्चा खोल दिया है. वहीं शिवसेना ने अपने मुखपत्र सामना में लिखे एक लेख के जरिये भाजपा पर जमकर निशाना साधा. शिवसेना ने अपने मुखपत्र के जरिये बीजेपी आलाकमान को नाजी और केंद्रीय एजेंसियों को उनके हथियार की संज्ञा दी. शिवसेना ने सामना में लिखा कि, 'यह भगवान की इच्छा है कि भाजपा अब केंद्र और प्रदेश की सत्ता में नहीं आनी चाहिए. 2024 में भगवान राम की यही इच्छा होगी कि मोदी, शाह और उनकी नाजी सेना वापस सत्ता में न आए.' यह भी पढ़े: जिसने रामभक्‍तों को भूना, कर दो उनका EVM सूना, सपा की लिस्ट में सिर्फ जेल और बेल वाले- ठाकुर महाविकास अघाड़ी सरकार में मंत्री नवाब मलिक पर की गई कार्रवाई को लेकर शिवसेना ने सामना में लिखा कि, 'एक कैबिनेट मिनिस्टर को फंसाने के लिए एजेंसियों का इस्तेमाल करना लोकतंत्र की हत्या है. नवाब मलिक चेहरे पर मुस्कान के साथ ईडी के ऑफिस से बाहर निकले और साफ कहा कि वह झुकेंगे नहीं. हम लड़ेंगे और जीत हासिल करेंगे. हिटलर की नाजी सेना की हार तय है.' शिवसेना ने अपने मुखपत्र सामना में लिखा कि 'यह आश्चर्यजनक है कि मौजूदा शासकों के दिमाग में यह बात नहीं आ रही है कि जिस तरह से नाजी शौतान बढ़े थे, उसी तरह वो खत्म भी हो गए.' सामना में लिखा गया कि, 'केंद्रीय एजेंसियां नाजी सेनाओं की तरह से काम कर रही हैं और अपने राजनीतिक आकाओं का हर हुक्म मान रही हैं. केंद्रीय एजेंसियां गुलाम की तरह से काम कर रही हैं और उनका इस्तेमाल पूरे देश में विरोधी नेताओं को चुप कराने के लिए किया जा रहा है. महाराष्ट्र में शरद पवार और उनका परिवार, उद्धव ठाकरे और उनका परिवार, संजय राउत और फैमिली के अलावा अनिल परब, अनिल देशमुख और अन्य लोगों को बदनाम किया गया है. उन्होंने इन नेताओं के खिलाफ खिलाफ झूठे केस दर्ज कराए और भाजपा इसका जश्न मना रही है. आखिर यह कैसी राजनीति है. नवाब मलिक लगातार केंद्रीय एजेंसियों और भाजपा पर हमले कर रहे थे. इसलिए उन्हें फंसाने का काम किया गया है.' यह भी पढ़े: सपा मतलब- ‘संपत्ति और परिवार’- अमित शाह का अखिलेश पर निशाना, फिर किया 300 पार का दावा आपको बता दें कि, कुछ महीने पहले पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में नवाब मलिक के ऊपर गंभीर आरोप लगाए थे. फडणवीस ने मुंबई अंडरवर्ल्ड की गतिविधियों से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग मामले में नवाब मलिक की महत्वपूर्ण भूमिका होने के आरोप लगाए थे. फडणवीस द्वारा लगये गए आरोपों के बाद ईडी के अधिकारीयों ने बुधवार सुबह करीब 6 बजे नवाब मलिक के आवास पहुंच उन्हें अपने साथ ED के दफ्तर ले जहां से उन्हें पूछताछ के बाद कोर्ट में पेश किया गया. इस पुरे मामले में कोर्ट ने सुनवाई के बाद मलिक को 3 मार्च तक के लिए ED की हिरासत में भेज दिया है. तो वहीं तबियत ख़राब होने के बाद मलिक को महाराष्ट्र के जेजे अस्पताल में भर्ती कराया गया है.