‘…ऐसा किया तो खाक हो जाएगी कांग्रेस’: कर्नाटक हारने के बाद बीजेपी को सताने लगा किस बात का डर?

priyank khadge vs naneel kumar katil
28 May 2023
भारतीय जनता पार्टी कर्नाटक का विधानसभा चुनाव क्या हारी, मौजूदा राजनीति में ऐसा लग रहा है जैसे बीजेपी लोकसभा चुनाव ही हार बैठी हो.  बीजेपी को हार का इतना धक्का तो न पंजाब में लगा और न ही हिमाचल में लेकिन दक्षिणी के एकमात्र राज्य में सत्ता खोने का दर्द बीजेपी शायद बर्दास्त नहीं कर पा रही है. अब विपक्ष में बैठी बीजेपी को एक नया डर सताने लगा है. वो डर है कांग्रेस के घोषणा पत्र में शामिल किए गए मुद्दे, जो अगर लागू होते हैं तो कर्नाटक बीजेपी के लिए परेशानी का सबब बन सकते हैं. अब एक तरफ तो कांग्रेस के नेता उन्हीं बातों को बीजेपी को याद दिलाने से बाज नहीं आ रहे हैं, वहीं बीजेपी नेता सत्ताधारी पार्टी के नेताओं को जुबान पर लगाम लगाने की नसीयत देते हुए नजर आ रहे हैं. वहीं कर्नाटक बीजेपी के अध्यक्ष नलिन कुमार कटील ने तो कांग्रेस के जलकर खाक हो जाने तक की बात कह दी है. https://www.youtube.com/watch?v=FIQ0nVFXtd8 उन्होंने खड़गे को चेतावनी देते हुए कहा कि आप भी कोशिश करके देख लीजिए, कांग्रेस जलकर खाक हो जाएगी. प्रियांक खड़गे के लिए बेहतर होगा कि वे इस देश के इतिहास के बारे में जान लें. उन्हें अपनी जुबान पर लगाम लगानी चाहिए. यह भी पढ़ेंः झूठे वादों और जनता की दुर्दशा पर BJP ने खड़ी की 9 साल की इमारत, कांग्रेस ने PM मोदी से पूछे 9 सवाल दरअसल, कटील ने अपने कटीले अंदाज में कर्नाटक सरकार में मंत्री और कांग्रेस नेता प्रियांक खड़गे को जवाब देते हुए कहा है कि अगर कांग्रेस ने राज्य में बजरंग दल या राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को बैन करने की कोशिश की तो जलकर खाक हो जाएगी. 24 मई को प्रियांक खड़गे ने कहा था कि अगर कोई भी संस्थान कर्नाटक की शांति भंग करने, समुदायों के बीच नफरत फैलाने और राज्य का नाम खराब करने की कोशिश करेगा तो हमारी सरकार कानूनी तौर से उससे डील करने या उसे बैन करने में जरा भी नहीं हिचकेगी. चाहे ये संगठन आरएसएस हो या बजरंग दल या कोई और धार्मिक संगठन. 111 प्रियांक कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बेटे हैं और कर्नाटक सरकार में मंत्री भी हैं. कटील ने प्रियांक खड़गे के इसी बयान का जवाब दिया है. कर्नाटक के भाजपा अध्यक्ष नलिन कुमार कटील ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आरएसएस स्वयंसेवक हैं और वे केंद्र में बड़े स्तर पर हैं. हम सभी आरएसएस के स्वयंसेवक हैं. पंडित जवाहर लाल नेहरू, इंदिरा गांधी और नरसिम्हा राव की सरकारों ने भी आरएसएस पर बैन लगाने की कोशिश की थी, पर उन्हें सफलता नहीं मिली. नलिन ने कहा कि प्रियांक खड़गे आएसएस को बैन करने की बात करते हैं. अगर कांग्रेस ने राज्य में बजरंग दल या राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ आरएसएस को बैन करने की कोशिश की तो जलकर खाक हो जाएगी. उन्होंने कर्नाटक सरकार में मंत्री प्रियांक खड़गे को जुबान पर लगाम लगाने की नसीहत भी दी.