एक्शन-सस्पेंस से भरे मोदी मंत्रिमंडल विस्तार के दो घण्टे बाद ही विभागों के बंटवारे ने दिया झटके पर झटका

मोदी मंत्रिमंडल विस्तार
8 Jul 2021
Politalks.News/ModiCabinet. देश की आजादी के बाद शायद यह पहला केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार था जो एक्शन और सस्पेंस भरा हुआ था. कोरोना महामारी से बिगड़े हेल्थ सिस्टम के बाद दुनिया भर में केंद्र सरकार की हुई फजीहत, डगमगाती अर्थव्यवस्था, बंगाल विधानसभा चुनाव में करारी हार इसके साथ सात महीनों के अंदर होने वाले पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह तय कर लिया था कि अब तीन साल (2024) तक सरकार कैसे चलानी है. मोदी-शाह की जोड़ी ने मंत्रिमंडल विस्तार करने में इस बार कोई कसर नहीं छोड़ी. इसके लिए उन्होंने किसी की नाराजगी की भी 'परवाह' नहीं की. प्रधानमंत्री मोदी ने अपने मंत्रिमंडल से ऐसे दिग्गजों को बाहर का रास्ता दिखा दिया, जिसे कोई सोच भी नहीं सकता था. पिछले महीने से ही केंद्र सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार के कयास लगाए जा रहे थे कि इस बार मंत्रिमंडल विस्तार 'बड़ा' होगा लेकिन इतना मेगा फेरबदल होगा जिसमें कई भरोसेेेे के रहे मंत्रियों की 'कुर्सी' भी चली जाएगी. बता दें कि 'मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल में यह पहला मंत्रिमंडल विस्तार था जिसमें जातीय समीकरण, (सवर्ण, ओबीसी, दलित वर्ग) के साथ युवा सरकार बनाने के लिए बहुत कुछ बदल डाला'. अब बात को आगे बढ़ाते हैं. यह भी पढ़ें: फडणवीस के बयान से जगी ‘दोस्ती’ की उम्मीदों पर मानसून सत्र ने फेरा ‘पानी’, शिवसेना पर बरसे देव’इन्द्र’ बीते दिन मंगलवार को ही मोदी मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर 'हलचल' तेज हो गई थी. पहले जैसे खबर आई थी कि इस बार कैबिनेट विस्तार में 20 से 25 नए चेहरे शामिल किए जाएंगे. बुधवार सुबह से मंत्रिमंडल सियासी पंडितों के साथ भाजपा और विपक्षी पार्टियों की 'निगाहें' मोदी सरकार की नई टीम पर लगी हुई थी. 'दोपहर होते-होते मोदी सरकार में शामिल रहे कई दिग्गजों ने इस्तीफा देने की झड़ी लगा दी'. नए मंत्रियों के शपथ ग्रहण से पहले मौजूदा मंत्रियों के इस्तीफे का दौर शुरू हो गया. एक के बाद एक लगातार केंद्रीय मंत्रियों के इस्तीफा देने की खबर आती गई जो शपथ ग्रहण से पहले तक जारी रही. सबसे आखिर में कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद और पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने इस्तीफा देकर 'चौंका' दिया. इसके बाद आभास हो गया था मोदी सरकार इस बार मेगा कैबिनेट विस्तार करने के लिए तैयार है. कुछ बड़े मंत्रियों का अचानक हटाए जाना सियासत के महारथियों को भी आश्चर्य में डाल गया. इनमें केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन, शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, महिला बाल विकास मंत्री देबोश्री चौधरी, उर्वरक और रसायन मंत्री सदानंद गौड़ा, श्रम राज्य मंत्री संतोष गंगवार, शिक्षा राज्य मंत्री संजय धोत्रे, बाबुल सुप्रियो, प्रताप सारंगी और रतन लाल कटारिया को इस्तीफा देना पड़ा. गौरतलब है कि केंद्रीय सामाजिक न्याय मंत्री थावरचंद गहलोत ने मंगलवार को ही इस्तीफा दे दिया था. थावरचंद को कर्नाटक का राज्यपाल बनाया गया. इस प्रकार प्रधानमंत्री ने 12 केंद्रीय मंत्रियों का 'सफाया' कर दिया. मोदी 2.0 सरकार की नई टीम में सोशल इंजीनियरिंग का दिखा फार्मूला मोदी की इस नई टीम में उत्तर प्रदेश और गुजरात की अधिक 'छाप' रही. लेकिन सभी राज्यों को इस बार मोदी सरकार ने 'साधने' की कोशिश की. उसके साथ अगले वर्ष होने वाले पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव को लेकर भी प्रधानमंत्री और गृहमंत्री ने 'सोशल इंजीनियरिंग' का फार्मूला तैयार कर लिया है. मोदी कैबिनेट का विस्तार बुधवार शाम 6 बजे से शुरू होकर 7:45 तक जारी रहा. कुल 43 मंत्रियों ने कैबिनेट विस्तार में शपथ ली. यहां हम आपको बता दें कि 14 मंत्री 50 साल से कम उम्र के हैं. इनमें से 6 को कैबिनेट का दर्जा दिया गया है. यह भी पढ़ें- नाराज दिग्गजों को मनाने में सफल रहा आलाकमान, धामी के साथ 11 MLA ने ली कैबिनेट मंत्री की शपथ इस बार मंत्रिपरिषद विस्तार में 36 नए चेहरों को शामिल किया है. साथ ही सात मंत्रियों का 'प्रमोशन' किया गया है. इन मंत्रियों में अनुराग ठाकुर, किरण रिजीजू, आरके सिंह, मनसुख मंडाविया, जी किशन रेड्डी, पुरुषोत्तम रुपाला और हरदीप सिंह पुरी हैं. वहीं आठ नए चेहरों को भी कैबिनेट मंत्री का दर्जा दिया गया. मंत्रिमंडल विस्तार समारोह में 15 नेताओं ने कैबिनेट मंत्री और 28 नेताओं ने राज्यमंत्री के तौर पर शपथ ली. इसकेेे साथ 7 महिला नेताओं ने मंत्री पद की शपथ ली. अब कैबिनेट में महिला मंत्रियों की संख्या 11 हो गई है, जो सात साल की मोदी सरकार में सबसे ज्यादा है. इसके अलावा बीजेपी की सहयोगी दलों से तीन नेताओं ने शपथ ली. इसके साथ कई भाजपा के सांसद खाली रह गए जो अपना नया कुर्ता खरीद कर दिल्ली जाने की तैयारी में थे. जिसमें उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी और भाजपा के फायर ब्रांड नेता वरुण गांधी समेत कई को निराशा हाथ लगी है. शपथ ग्रहण समारोह के दो घंटे बाद ही मंत्रियों को मंत्रालयों की दी जिम्मेदारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शपथ लेने के 2 घंटे बाद ही नए मंत्रियों को विभागों की जिम्मेदारी दे दी. इसका सबसे बड़ा कारण यह है कि पीएम मोदी नहीं चाहते हैं कि कोई भी विकास कार्य योजना में एक दिन की भी देरी हो. यह सभी नए मंत्री कल से काम शुरू कर देंगे. बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैबिनेट विस्तार से पहले एक नया मंत्रालय मिनिस्ट्री ऑफ को-ऑपरेशन बनाया है. मोदी सरकार इस मंत्रालय के जरिए अपने 'सहकार से समृद्धि' के विजन को साकार करेगी. यह मंत्रालय देश में सहकारी आंदोलन को मजबूत करने के लिए अलग से प्रशासनिक, कानूनी और नीतिगत ढांचा उपलब्ध कराएगा. इसका उद्देश्य देश में सहकारी आंदोलन को मजबूत करना है. बुधवार शाम 43 मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई. नारायण राणे, सर्बानंद सोनोवाल, के अलावा मध्य प्रदेश से ज्योतिरादित्य सिंधिया और वीरेंद्र कुमार समेत 15 सांसदों ने कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ली. नई कैबिनेट में 28 राज्य मंत्री है. प्रधानमंत्री मोदी के दूसरे कार्यकाल के पहले मंत्रिमंडल विस्तार में 32 ऐसे चेहरे हैं जो पहली बार केंद्रीय मंत्री की जिम्मेदारी दी गई है. स्वास्थ्य मंत्रालय अब डॉ. हर्षवर्धन की जगह मनसुख मंडाविया संभालेंगे. मोदी सरकार में यह है कैबिनेट मंत्रियों के नाम और विभाग---
  1. राजनाथ सिंह - रक्षा मंत्री
  2. अमित शाह - गृहमंत्री और सहकारिता मंत्री
  3. नितिन जयराम गडकरी - सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री
  4. निर्मला सीतारमण - वित्त मंत्री और कॉर्पोरेट मामलों के मंत्री
  5. नरेंद्र सिंह तोमर - कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री
  6. डॉ. सुब्रह्मण्यम जयशंकर - विदेश मंत्री
  7. अर्जुन मुंडा - जनजातीय मामलों के मंत्री
  8. स्मृति जुबिन ईरानी - महिला एवं बाल विकास मंत्री
  9. पीयूष गोयल - वाणिज्य और उद्योग मंत्री, उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्री और कपड़ा मंत्री
  10. धर्मेंद्र प्रधान - शिक्षा मंत्री, कौशल विकास और उद्यमिता मंत्री
  11. प्रल्हाद जोशी - संसदीय कार्य मंत्री, कोयला मंत्री, और खान मंत्री
  12. नारायण राणे - सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्री
  13. सर्बानंद सोनोवाल - बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्री, आयुष मंत्री
  14. मुख्तार अब्बास नकवी - अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री
  15. वीरेंद्र कुमार - सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री
  16. गिरिराज सिंह - ग्रामीण विकास मंत्री, और पंचायती राज मंत्री
  17. ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया - नागरिक उड्डयन मंत्री
  18. रामचंद्र प्रसाद सिंह - इस्पात मंत्री
  19. अश्विनी वैष्णव - रेल मंत्री, संचार मंत्री, और इलेक्ट्रॉनिक्स-सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री
  20. पशुपति कुमार पारस - खाद्य प्रसंस्करण, उद्योग मंत्री
  21. गजेन्द्र सिंह शेखावत - जल शक्ति मंत्री
  22. किरण रिजिजू - कानून और न्याय मंत्री
  23. राज कुमार सिंह - विद्युत मंत्री, और ऊर्जा मंत्री
  24. हरदीप सिंह पुरी - पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री, और आवास और शहरी मामलों के मंत्री
  25. मनसुख मंडाविया - स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री, और रसायन और उर्वरक मंत्री
  26. भूपेंद्र यादव - पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री, और श्रम और रोजगार मंत्री
  27. महेंद्र नाथ पाण्डेय - भारी उद्योग मंत्री
  28. पुरुषोत्तम रूपाला - मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्री
  29. जी. किशन रेड्डी - संस्कृति मंत्री, पर्यटन मंत्री, और पूर्वोत्तर क्षेत्र के विकास मंत्री
  30. अनुराग सिंह ठाकुर - सूचना और प्रसारण मंत्री, और युवा मामले और खेल मंत्री
यह भी पढ़ें: राजभवन पुस्तक विवाद बना कांग्रेस की सियासी कलह का नया शस्त्र! गहलोत विरोधियों को मिला मौका यह है राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार ) और उनके विभागों के नाम-
  1. राव इंद्रजीत सिंह - सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), योजना मंत्रालय के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), और कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री
  2. डॉ. जितेंद्र सिंह - विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), प्रधान मंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री, कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय में राज्य मंत्री, परमाणु ऊर्जा विभाग में राज्य मंत्री; तथा अंतरिक्ष विभाग में राज्य मंत्री
यह है राज्य मंत्रियों के नाम और उनके विभाग--
  1. श्रीपद येसो नाइक - बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय में राज्य मंत्री; और पर्यटन मंत्रालय में राज्य मंत्री
  2. फग्गनसिंह कुलस्ते - इस्पात मंत्रालय में राज्य मंत्री, और ग्रामीण विकास मंत्रालय में राज्य मंत्री
  3. प्रहलाद सिंह पटेल - जल शक्ति मंत्रालय में राज्य मंत्री, और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय में राज्य मंत्री
  4. अश्विनी कुमार चौबे - उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय में राज्य मंत्री, और पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय में राज्य मंत्री
  5. अर्जुन राम मेघवाल - संसदीय कार्य मंत्रालय में राज्य मंत्री, और संस्कृति मंत्रालय में राज्य मंत्री
  6. जनरल (सेवानिवृत्त) वी. के. सिंह - सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय में राज्य मंत्री, और नागरिक उड्डयन मंत्रालय में राज्य मंत्री
  7. कृष्ण पाल - विद्युत मंत्रालय में राज्य मंत्री, और भारी उद्योग मंत्रालय में राज्य मंत्री
  8. दानवे रावसाहेब दादाराव - रेल मंत्रालय में राज्य मंत्री, कोयला मंत्रालय में राज्य मंत्री, और खान मंत्रालय में राज्य मंत्री
  9. रामदास अठावले - सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय में राज्य मंत्री
  10. साध्वी निरंजन ज्योति - उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय में राज्य मंत्री, और ग्रामीण विकास मंत्रालय में राज्य मंत्री
  11. डॉ. संजीव कुमार बाल्यान - मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय में राज्य मंत्री
  12. नित्यानंद राय - गृह मंत्रालय में राज्य मंत्री
  13. पंकज चौधरी - वित्त मंत्रालय में राज्य मंत्री
  14. अनुप्रिया सिंह पटेल - वाणिज्य मंत्रालय में राज्य मंत्री
  15. एस. पी. सिंह बघेल - कानून और न्याय मंत्रालय में राज्य मंत्री
  16. राजीव चंद्रशेखर - कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय में राज्य मंत्री, और इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय में राज्य मंत्री
  17. शोभा करंदलाजे - कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय में राज्य मंत्री
  18. भानु प्रताप सिंह वर्मा - सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय में राज्य मंत्री
  19. दर्शन विक्रम जरदोश - कपड़ा मंत्रालय में राज्य मंत्री, और रेल मंत्रालय में राज्य मंत्री
  20. वी. मुरलीधरन - विदेश मंत्रालय में राज्य मंत्री, और संसदीय कार्य मंत्रालय में राज्य मंत्री
  21. मीनाक्षी लेखी - विदेश मंत्रालय में राज्य मंत्री, और संस्कृति मंत्रालय में राज्य मंत्री
  22. सोम प्रकाश - वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय में राज्य मंत्री
  23. रेणुका सिंह सरुता - जनजातीय मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री
  24. रामेश्वर तेली - पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय में राज्य मंत्री, और श्रम और रोजगार मंत्रालय में राज्य मंत्री
  25. कैलाश चौधरी - कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय में राज्य मंत्री
  26. अन्नपूर्णा देवी - शिक्षा मंत्रालय में राज्य मंत्री
  27. ए. नारायणस्वामी - सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय में राज्य मंत्री
  28. कौशल किशोर - आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री
  29. अजय भट्ट - रक्षा मंत्रालय में राज्य मंत्री, और पर्यटन मंत्रालय में राज्य मंत्री
  30. बी एल वर्मा - उत्तर पूर्वी क्षेत्र के विकास मंत्रालय में राज्य मंत्री, और सहकारिता मंत्रालय में राज्य मंत्री
  31. अजय कुमार - गृह मंत्रालय में राज्य मंत्री
  32. देवुसिंह चौहान - संचार मंत्रालय में राज्य मंत्री
  33. भगवंत खुबा - नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय में राज्य मंत्री, और रसायन और उर्वरक मंत्रालय में राज्य मंत्री
  34. कपिल मोरेश्वर पाटिल - पंचायती राज मंत्रालय में राज्य मंत्री
  35. प्रतिमा भौमिक - सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय में राज्य मंत्री
  36. डॉ. सुभाष सरकार - शिक्षा मंत्रालय में राज्य मंत्री
  37. डॉ. भागवत किशनराव कराड - वित्त मंत्रालय में राज्य मंत्री
  38. डॉ. राजकुमार रंजन सिंह - विदेश मंत्रालय में राज्य मंत्री, और शिक्षा मंत्रालय में राज्य मंत्री
  39. डॉ. भारती प्रवीण पवार - स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय में राज्य मंत्री
  40. बिश्वेश्वर टुडू - जनजातीय मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री, और जल शक्ति मंत्रालय में राज्य मंत्री
  41. शांतनु ठाकुर - बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय में राज्य मंत्री
  42. डॉ. मुंजापारा महेंद्रभाई - महिला एवं बाल विकास मंत्रालय में राज्य मंत्री, और आयुष मंत्रालय में राज्य मंत्री
  43. जॉन बारला - अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री
  44. डॉ. एल. मुरुगन - मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय में राज्य मंत्री, और सूचना और प्रसारण मंत्रालय में राज्य मंत्री
  45. निसिथ प्रमाणिक - गृह मंत्रालय में राज्य मंत्री, और युवा मामले और खेल मंत्रालय में राज्य मंत्री बनाया गया है.