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उपराष्ट्रपति चुनाव में NDA को सता रहा क्रॉस वोटिंग का डर, हो न जाए कहीं ‘खेला’!

24 अगस्त 2025
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उपराष्ट्रपति चुनाव में NDA को सता रहा क्रॉस वोटिंग का डर, हो न जाए कहीं ‘खेला’!

जगदीप धनकड़ के इस्तीफे के बाद देश में एक बार फिर उप राष्ट्रपति का चुनाव होने जा रहा है. एनडीए ने महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को मैदान में उतारा है जबकि विपक्ष की ओर से सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश बी. सुदर्शन रेड्डी उन्हें टक्कर दे रहे हैं. वैसे तो लोकसभा और राज्यसभा में एनडीए को स्पष्ट बहुमत प्राप्त है और एक बारगी तो लग रहा है कि राधाकृष्णन को सीधी विजयश्री मिल जाएगी लेकिन संसद के दोनों सदनों में सांसदों की संख्या इतना भी ज्यादा नहीं है कि टक्कर न ​दी जा सके. अगर 15 से 20 वोट भी इधर से उधर होते हैं या इतने वोट एनडीए … Read more

जगदीप धनकड़ के इस्तीफे के बाद देश में एक बार फिर उप राष्ट्रपति का चुनाव होने जा रहा है. एनडीए ने महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को मैदान में उतारा है जबकि विपक्ष की ओर से सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश बी. सुदर्शन रेड्डी उन्हें टक्कर दे रहे हैं. वैसे तो लोकसभा और राज्यसभा में एनडीए को स्पष्ट बहुमत प्राप्त है और एक बारगी तो लग रहा है कि राधाकृष्णन को सीधी विजयश्री मिल जाएगी लेकिन संसद के दोनों सदनों में सांसदों की संख्या इतना भी ज्यादा नहीं है कि टक्कर न ​दी जा सके. अगर 15 से 20 वोट भी इधर से उधर होते हैं या इतने वोट एनडीए की ओर से खारिज कर दिए जाते हैं तो मुकाबला कड़ा हो सकता है. चूंकि रेड्डी आंध्रा से हैं, ऐसे में एनडीए को भी डर है कि आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के सांसद विपक्षी उम्मीदवार को समर्थन दे सकते हैं. कुल मिलाकर गणित ये बैठती है कि एनडीए को कहीं न कहीं क्रॉस वोटिंग का डर सता रहा है.

2007 में हो चुकी है क्रॉस वोटिंग

2007 के राष्ट्रपति चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की तत्कालीन सहयोगी शिवसेना (एकजुट) ने कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूपीए की उम्मीदवार प्रतिभा पाटिल को समर्थन दिया था, क्योंकि पाटिल महाराष्ट्र से थीं. इंडिया ब्लॉक के समर्थित उम्मीदवार बी.रेड्डी आंध्र प्रदेश से हैं. वैसे तो आंध्रा में एन.चंद्रबाबू नायडू के नेतृत्व में एनडीए सरकार है और तेलंगाना में पहले से ही कांग्रेस बहुमत सरकार है. आंध्रा में लोकसभा की 25 सीटों में से वाईएसआरसीपी का 22 सीटों पर कब्जा है. शेष तीन टीडीपी के पास हैं. वहीं राज्यसभा की 11 में से सात YSRCP और दो-दो सीटों पर बीजेपी व टीडीपी के सांसद हैं.

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आंध्रा से सटे तेलंगाना में राज्यसभा की 6 में से दो सीटों पर कांग्रेस और चार सीटों पर बीआरएस है. इन सभी का बी.रेड्डी के पक्ष में वोट देना तय है. बीआरएस के मुखिया केसीआर को बीजेपी के सबसे बड़े आलोचकों में से एक माना जाता है. वहीं लोकसभा की 17 सीटों में से 8-8 पर बीजेपी-कांग्रेस का कब्जा है जबकि हैदराबाद सीट मुस्लिम नेता असदुद्दीन ओवैसी के पास है. यहां अगर क्रॉस वोटिंग होती है तो एनडीए के लिए दिक्कत है.

शिवसेना नेता ने किया क्रॉस वोटिंग का दावा

उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना के राज्यसभा सांसद संजय राउत ने राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए के सांसदों द्वारा क्रॉस वोटिंग करने का दावा किया है. खासतौर पर एनडीए में शामिल एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के सांसदों द्वारा क्रॉस वोटिंग की संभावना जताई है. राउत ने कहा कि राहुल गांधी द्वारा देश के बिहार और अन्य स्थानों पर बनाए गए माहौल की वजह से क्रॉस वोटिंग की संभावना है. राउत ने ये भी कहा कि डरी सहमी बीजेपी क्रॉस वोटिंग के डर से शरद पवार और उद्धव ठाकरे को फोन कर समर्थन मांग रही है. 9 सितंबर को उप राष्ट्रपति के लिए चुनाव है. ऐसे में सभी की नजर विपक्ष के सांसदों से ज्यादा एनडीए के समर्थित सांसदों रहने वाली है.

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