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दिल्ली में बीजेपी की सांसें हो रहीं ऊपर-नीचे, कहीं ये तो असली वजह नहीं!

10 मई 2024
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दिल्ली में बीजेपी की सांसें हो रहीं ऊपर-नीचे, कहीं ये तो असली वजह नहीं!

Arvind Kejriwal’s Interim Bail: देश की राजधानी दिल्ली में अभी अभी सुप्रीम कोर्ट का एक फरमान आने के बाद राजनीतिक हलकों में एकदम से खलबली मच गयी है. खासतौर पर दिल्ली बीजेपी में, जिनमें मनोज तिवारी जैसे बड़े नेताओं की सांसें भी ऊपर-नीचे हो रही है. इस खलबली की वजह है दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, जो जेल से बाहर आ गए हैं. हालांकि उन्हें फिलहाल जमानत मिली है. वो नई शराब नीति मामले से रिहा नहीं हुए हैं. जमानत उन्हें एक जून तक मिली है जबकि दिल्ली की 7 सीटों पर लोकसभा चुनाव के लिए मतदान 21 मई को हैं. उन्हें चुनाव प्रचार करने की अनुमति भी मिल गयी … Read more

Arvind Kejriwal’s Interim Bail: देश की राजधानी दिल्ली में अभी अभी सुप्रीम कोर्ट का एक फरमान आने के बाद राजनीतिक हलकों में एकदम से खलबली मच गयी है. खासतौर पर दिल्ली बीजेपी में, जिनमें मनोज तिवारी जैसे बड़े नेताओं की सांसें भी ऊपर-नीचे हो रही है. इस खलबली की वजह है दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, जो जेल से बाहर आ गए हैं. हालांकि उन्हें फिलहाल जमानत मिली है. वो नई शराब नीति मामले से रिहा नहीं हुए हैं. जमानत उन्हें एक जून तक मिली है जबकि दिल्ली की 7 सीटों पर लोकसभा चुनाव के लिए मतदान 21 मई को हैं. उन्हें चुनाव प्रचार करने की अनुमति भी मिल गयी है. ऐसे में अरविंद केजरीवाल के पास चुनाव प्रचार और रैलियां करने के लिए केवल एक हफ्ते का समय है लेकिन इतने से समय में केजरीवाल क्या कर सकते हैं या क्या करने वाले हैं, उसी को सोचकर दिल्ली बीजेपी में माहौल गर्मागर्म है.

दिल्ली सीएम और आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल को शराब नीति केस में 21 मार्च को गिरफ्तार किया गया था. वे 40 दिनों से तिहाड़ जेल में बंद थे. सुप्रीम कोर्ट ने आज से एक जून तक के लिए अंतरिम जमानत दे दी. उन्हें 2 जून को हर हाल में सरेंडर करने को कहा गया है. उन्हें चुनाव प्रचार करने की भी छूट दी गयी है. हालांकि ईडी ने चुनाव प्रचार करने और जमानत देने के विरोध में कई दलीलें पेश की थी लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने सभी दलीलों को खारिज कर दिया.

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सुप्रीम कोर्ट के फैसले और अरविंद केजरीवाल के बाहर पर आम आदमी के नेता एवं कार्यकर्ता सभी खुश हैं. निश्चित तौर पर केजरीवाल अपने कार्यकर्ताओं एवं चुनावी प्रत्याशियों में जोश फूंकने का काम करेंगे. आप नेता एवं सरकार में मंत्री आतिशी ने फैसले को सच्चाई की जीत बताते हुए संविधान और लोकतंत्र को बचाने के लिए सुप्रीम कोर्ट का धन्यवाद किया है.

एक हफ्ते में क्या मैजिक कर पाएंगे केजरीवाल

दिल्ली में मतदान में केवल 10 दिन का समय शेष है. यानी केजरीवाल 8 दिन तक चुनाव प्रचार कर सकेंगे. जेल से बाहर आते ही केजरीवाल चुनावी प्रचार, रोड शो और जनसभाओं पर फोकस करेंगे. दिल्ली में लोकसभा की 7 सीटें हैं. आप कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव लड़ रही है. आप 4 सीटों पर और कांग्रेस तीन सीटों पर चुनाव लड़ रही है. पार्टी मुखिया के बिना आप उम्मीदवारों का आत्मविश्वास डगमगा रहा था जिसे संभालना भी केजरीवाल की जिम्मेदारी रहेगी.

केजरीवाल दिल्ली के केवल मुख्यमंत्री ही नहीं हैं, बल्कि पार्टी का सबसे बड़ा चेहरा और सबसे बड़े प्रचार भी हैं. यहां वे अपने उम्मीदवारों, कार्यकर्ताओं में जीत का मंत्र फूंकेंगे. केजरीवाल के शनिवार से ही एक दिन में तीन से चार जनसभाएं और रोड शो करने की उम्मीद जताई जा रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी फिलहाल दक्षिण में अपना चुनाव प्रचार कर रहे हैं. केजरीवाल से सामने मोदी ही चुनौती पेश कर सकते हैं. संभावना है कि अब पीएम मोदी दक्षिण छोड़ दिल्ली में मोर्चा संभालेंगे और केजरीवाल को रोकने का प्रयास करेंगे.

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