बंगाल में बवाल: ‘प्रधानमंत्री जी, अपने होम मिनिस्टर को कंट्रोल कीजिए..’ छापों पर बौखलाई ‘दीदी’

cm mamata banerjee vs amit shah in west bengal
9 Jan 2026
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले सियासी सरगर्मियों के बीच प्रवर्तन निदेशालय (ED) के छापों ने हंगामा मचा दिया है. छापे कोयला तस्करी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस पार्टी के करीबी एवं उनके कुछ कार्यालयों पर मारे गए हैं. ईडी ने ये आरोप भी लगाया है कि सीएम ममता मामले में छापेमारी के दौरान रुकावट पैदा कर रही है. इस पर जवाब देते हुए दीदी ने इस कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताया. साथ ही उन्होंने कहा, 'मुझे माफ करें प्रधानमंत्री जी, कृपया अपने गृह मंत्री को कंट्रोल करें.' इस कार्रवाई के विरोध में ममता शुक्रवार को 2 बजे मार्च भी निकालेगी. https://youtu.be/l6fm06mxN0k यह भी पढ़ें: हनुमान बेनीवाल की नागौर के रियां बड़ी में कई मुद्दों को लेकर होगी विशाल रैली केंद्रीय गृहमंत्री पर निशाना साधते हुए टीएमसी प्रमुख ने कहा, 'क्या ईडी और अमित शाह का काम पार्टी की हार्ड डिस्क और उम्मीदवारों की सूची जब्त करना है? यह एक घटिया और शरारती गृह मंत्री है, जो देश की सुरक्षा नहीं कर पा रहा है. मेरी पार्टी के सभी दस्तावेज उठाकर ले गए हैं. मुझे माफ करें प्रधानमंत्री जी, कृपया अपने गृह मंत्री को कंट्रोल करें. अगर आप (BJP) हमसे लड़ नहीं सकते, तो आप बंगाल क्यों आ रहे हैं? हमें लोकतांत्रिक तरीके से हराइए. आप हमारी एजेंसियों का इस्तेमाल हमारे कागजात, हमारी रणनीति, हमारे वोटर्स, हमारे डेटा, हमारे बंगाल को लूटने के लिए कर रहे हैं. यह सब करके, आपको जितनी सीटें मिल रही थीं, वे घटकर जीरो हो जाएंगी.' क्या है पूरा मामला दरअसल, ईडी ने गुरुवार को मनी लॉन्ड्रिंग केस में टीएमसी के आईटी सेल के हेड प्रतीक जैन के घर और ऑफिस में छापेमारी की. यह कार्रवाई सुबह 6 बजे से शुरू हुई थी, लेकिन करीब 11:30 बजे के बाद मामला बढ़ा. सबसे पहले कोलकाता पुलिस कमिश्नर, प्रतीक के आवास पर पहुंचे. कुछ समय बाद सीएम ममता बनर्जी खुद लाउडन स्ट्रीट स्थित उनके घर पहुंच गईं. ममता वहां कुछ देर रुकीं और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब बाहर निकलीं, तो उनके हाथ में एक हरी फाइल थी. इसके बाद वे I-PAC के ऑफिस भी गईं. उन्होंने आरोप लगाया कि गृहमंत्री मेरी पार्टी के दस्तावेज उठवा रहे हैं. दूसरी ओर, सबूतों से छेड़छाड़ के मामले में ईडी ने कलकत्ता हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है. ईडी ने आरोप है कि ममता कोलकाता में पॉलिटिकल कंसल्टेंट फर्म I-PAC के डायरेक्टर प्रतीक जैन के घर में जबरन घुसीं और अपने साथ कई फिजिकल डाक्यूमेंट्स और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस ले गईं. इसके बाद I-PAC कार्यालय भी पहुंचीं और राज्य की पुलिस की मदद से अहम सबूत जबरन अपने साथ ले गईं. I-PAC ने भी सर्च की वैधता को चुनौती दी है. मामले की सुनवाई आज को होगी.