गौरव वल्लभ के जाने की भारी कीमत चुकाएगी कांग्रेस! क्या बीजेपी में होंगे शामिल?

Gourav Vallabh quits Congress
4 Apr 2024
Gourav Vallabh quits Congress: आम चुनाव से पहले कांग्रेस को एक के बार एक बड़े और गहरे झटके लग रहे हैं. हाल में 300 से अधिक पूर्व सांसद, पूर्व विधायक, नेता और अन्य कार्यकर्ता कांग्रेस का हाथ छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए. बॉक्सर विजेंदर सिंह भी इनमें से एक हैं जिन्हें बीते लोकसभा चुनाव में पार्टी ने प्रत्याशी बनाया था. अब लोकसभा चुनावों की जोर शोर से हो रही तैयारियों के बीच कांग्रेस के तेज तर्रार प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने भी कांग्रेस का साथ छोड़ दिया है. कांग्रेस से नाराजगी की वजह पार्टी का सनातन विरोधी होना बताया जा रहा है. सियासी गलियारों से खबर यह भी आ रही है कि गौरव जल्द ही बीजेपी में शामिल होंगे और लोकसभा का चुनाव लड़ेंगे. https://www.youtube.com/watch?v=Qa3FnMoWMYs इससे पहले गौरव वल्लभ ने पार्टी से इस्तीफा देते हुए कहा कि वह सनातन विरोधी नारे नहीं लगा सकते. ऐसे में पार्टी में बने रहना मुश्किल है. उन्होंने ये भी कहा कि पार्टी दिशाहीन होकर चुनाव में आगे बढ़ रही है. ऐसे में उनके साथ बने रहने का कोई मतलब नहीं बनता है. सोशल मीडिया पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्ल्किार्जुन खड़गे को भेजे इस्तीफे की फोटो शेयर पोस्ट कर गौरव ने लिखा, 'कांग्रेस पार्टी आज जिस प्रकार से दिशाहीन होकर आगे बढ़ रही है, उसमें मैं ख़ुद को सहज महसूस नहीं कर पा रहा. मैं ना तो सनातन विरोधी नारे लगा सकता हूं और ना ही सुबह-शाम देश के वेल्थ क्रिएटर्स को गाली दे सकता. इस कारण मैं कांग्रेस पार्टी के सभी पदों व प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे रहा हूं.' यह भी पढ़ें: लोकसभा चुनाव-2024: यूपी में खेला कर पाएगी मौर्य-तोमर-शेरवानी की तिगड़ी! गौरव वल्लभ ने इस्तीफे में ये भी लिखा कि मैं भावुक हूं और मन व्यथित है. काफी कुछ कहना चाहता हूं, लिखना चाहता हूं और बताना चाहता हूं. लेकिन मेरे संस्कार ऐसा कुछ भी कहने से मना करते हैं. फिर भी मैं आज अपनी बातों को आपके समक्ष रख रहा हूं, क्योंकि मुझे लगता है कि सच को छुपाना भी अपराध है. ऐसे में मैं अपराध का भागी नहीं बनना चाहता. उन्होंने कहा कि जब मैंने कांग्रेस पार्टी ज्वाइन की थी तो तब मेरा मानना था कि कांग्रेस देश की सबसे पुरानी पार्टी है. यहां पर युवा और बौद्धिक लोगों के आइडिया की क़द्र होती है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में मुझे यह महसूस हुआ कि पार्टी का मौजूदा स्वरूप नये आइडिया वाले युवाओं के साथ खुद को एडजस्ट नहीं कर पाती. राम मंदिर का किया जिक्र गौरव वल्लभ ने अपने इस्तीफे में राम मंदिर और सनातन धर्म का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा समारोह को लेकर कांग्रेस के रुख से मैं क्षुब्ध हूं. मैं जन्म से हिंदू और कर्म से शिक्षक हूं लेकिन पार्टी के इस स्टैंड ने मुझे हमेशा असहज किया. पार्टी और गठबंधन से जुड़े कई लोग सनातन के विरोध में बोलते हैं. एक ओर हम जाति आधारित जनगणना की बात करते हैं, वहीं दूसरी ओर संपूर्ण हिंदू समाज के विरोधी नजर आ रहे हैं. गौरव वल्लभ कांग्रेस के एक वरिष्ठ और दिग्गज नेता रहे हैं. उन्होंने कई टीवी डिपेट में बीजेपी के जाने माने प्रवक संबित पात्रा तक को चुप कराया है. कई अन्य मुद्दों पर भी उन्होंने कांग्रेस का मजबूत पक्ष जनता के बीच रखा है. ऐसे में गौरव वल्लभ का जाना कांग्रेस के लिए निश्चित तौर पर भारी क्षति साबित होगा.