‘हम हिंदू नहीं हैं, हिंदू धर्म थोपना बंद कीजिए, हम अपने आपको हिंदू नहीं मानते’- सदन में बोले गणेश घोघरा

Ganeshgoghara11 Patrikalight
10 Mar 2021
Politalks.News/Rajasthan. 15वीं विधानसभा के षष्ठम सत्र के 13वें दिन सदन में जनजाति कल्याण की अनुदान मांगों पर बहस के दौरान आदिवासियों के धर्म को लेकर बहस छिड़ गई कि आखिर आदिवासी का असली धर्म कौन सा है? वह हिंदू है या गैर हिंदू? यूथ कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष और डूंगरपुर के विधायक गणेश घोघरा ने कहा, हमारा आदिवासी धर्म अलग है, हमारी संस्कृति अलग है, हम प्रकृति को पूजते हैं. घोघरा ने कहा कि आरएसएस के लोग कहते हैं कि आदिवासी हिंदू हैं, जबकि हिंदू के नाम पर हमारा शोषण हो रहा है. हम पर हिंदू धर्म थोपना बंद कीजिए, हम हिंदू नहीं हैं, हम अपने आपको हिंदू नहीं मानते. गणेश घोघरा के इस बयान पर उपनेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ सहित कई भाजपा विधायकों ने गहरी आपत्ति दर्ज की. डूंगरपुर से विधायक गणेश घोघरा ने सदन में कहा कि आदिवासियों की संस्कृति, परंपरा, खान-पान, रीति-रिवाज सबकुछ अलग है. घोघरा ने कहा कि आदिवासी प्रकृति पूजक है, वो पहाड़, नदी, बैल, गाय की पूजा करते हैं, लिहाजा आदिवासी धर्म को अलग दर्शाया जाए. गणेश घोघरा ने सदन में मांग रखी कि आदिवासी धर्म को अलग से मान्यता दी जाए. इस दौरान गणेश घोघरा ने सदन में बीजेपी पर भी निशाना साधा. घोघरा ने कहा कि बीजेपी और आरएसएस के लोग आदिवासियों को हिंदू बताते हैं जबकि आदिवासी संस्कृति हिंदुओ से मिलती-जुलती बिल्कुल नहीं है. यह भी पढ़ें: वैक्सीन की डोज को लेकर केंद्र व राज्य सरकार आमने-सामने, केंद्र के आंकड़ों को गलत बताया CM गहलोत ने विधायक गणेश घोघरा ने कहा कि जिस तरह द्रोणाचार्य ने एकलव्य का अंगूठा मांग लिया था ताकि अर्जुन बेहतर धनुर्धर बन सके, आज हर विभाग में गुरु द्रोणाचार्य बैठे हैं. घोघरा ने कहा कि हम अपने आप को हिंदू मानने को तैयार नहीं है. उन्होनें कहा कि हिंदू धर्म पर हम पर मत थोपो क्योंकि इस नाम पर उनका शोषण हुआ है. घोघरा ने आरोप लगाया कि बीजेपी आदिवासियों को खत्म करना चाहती है और जब से आई है तब से आरक्षण को भी खत्म करना चाहती है. वहीं गणेश घोघरा का साथ देते हुए आदिवासी विधायक रामलाल मीणा ने भी आदिवासी धर्म कोड बनाए जाने की वकालत करते हुए कहा कि बीजेपी आदिवासियों का शोषण करती आई है. मीणा ने कहा कि वे मानते हैं कि वे सब हिंदू हैं लेकिन आदिवासियों के लिए आदिवासी कोड की स्थापना की मांग करते हैं. कांग्रेस के अन्य आदिवासी विधायकों और बीटीपी विधायकों ने भी वही राय रखी जो गणेश घोघरा की थी. यह भी पढ़ें: राहुल गांधी का खुलासा- मैंने ज्योतिरादित्य सिंधिया को कहा था आने वाले समय में आप बनेंगे मुख्यमंत्री दूसरी तरफ, गणेश घोघरा के आदिवासी को हिंदू नहीं मानने वाले बयान पर आसपुर से भाजपा विधायक गोपीचंद मीणा ने विरोध किया. गोपीचंद मीणा ने कहा कि हम हिंदू हैं और कोई हमें हिंदू धर्म से अलग नहीं कर सकता. वहीं उपनेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ ने पूछा, कांग्रेस स्पष्ट करे कि क्या कांग्रेस घोघरा के बयान का समर्थन करती है? इस पर सदन में थोड़ी देर गहमागहमी की स्थिति रही जिस पर सभापति राजेन्द्र पारीक ने धर्म पर चर्चा के लिए टोकते हुए सभी को शांत कराया. इसी बीच मंत्री बीडी कल्ला ने कहा, हिंदू की परिभाषा बताइए, इस दौरान सदन में जमकर हंगामा भी हुआ.